Road Accident Bihar : मुंगेर के टेटिया बंबर थाना क्षेत्र में सोमवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे में टोटो चालक की मौत हो गई। घटना के बाद मृतक के परिवार में कोहराम मच गया, जबकि पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। बताया जा रहा है कि सड़क किनारे अवैध तरीके से रखे गए बालू और ईंट के कारण टोटो अनियंत्रित होकर खेत में पलट गया, जिससे चालक की मौके पर ही मौत हो गई। मृतक की पहचान छोटी केसौली गांव निवासी सुरेंद्र यादव उर्फ सोलो यादव के रूप में हुई है।


जानकारी के अनुसार, सोमवार की सुबह सुरेंद्र यादव अपने टोटो से टेटिया बंबर की ओर जा रहे थे। वह रोज की तरह सवारी ढोने का काम कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते थे। इसी दौरान किसौली पंचायत अंतर्गत जहांगीर टोला के पास सड़क किनारे रखे गए बालू और ईंट के ढेर के कारण उनका टोटो अचानक असंतुलित हो गया। चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख पाए और टोटो सड़क से नीचे उतरकर खेत में जा पलटा।


प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हादसा इतना भीषण था कि टोटो पूरी तरह पलट गया और सुरेंद्र यादव गंभीर रूप से घायल हो गए। आसपास मौजूद ग्रामीण तुरंत मौके पर पहुंचे और उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन तब तक उनकी सांसें थम चुकी थीं। घटना की खबर मिलते ही इलाके में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर जमा हो गए।


घटना की सूचना मिलते ही टेटिया बंबर थानाध्यक्ष मुकेश कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और हादसे की जांच शुरू कर दी है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि सड़क किनारे बालू और ईंट किसके द्वारा रखे गए थे और क्या इसमें लापरवाही बरती गई थी। स्थानीय लोगों का आरोप है कि गांव की कई सड़कों पर इस तरह निर्माण सामग्री रख दी जाती है, जिससे आए दिन हादसे की आशंका बनी रहती है।


मृतक सुरेंद्र यादव के परिवार की स्थिति बेहद दयनीय बताई जा रही है। ग्रामीणों के मुताबिक सुरेंद्र ही परिवार के एकमात्र कमाऊ सदस्य थे। उनकी कमाई से ही घर का खर्च चलता था। अचानक हुई इस मौत ने पूरे परिवार को गहरे संकट में डाल दिया है। मृतक की पत्नी और बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। घर में मातम पसरा हुआ है और गांव के लोग लगातार परिवार को ढांढस बंधाने पहुंच रहे हैं।


स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि सड़क किनारे अवैध रूप से निर्माण सामग्री रखने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं दोबारा न हों। लोगों का कहना है कि थोड़ी सी लापरवाही ने एक परिवार का सहारा छीन लिया।


इस दुखद घटना पर स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने भी संवेदना व्यक्त की है। किसौली पंचायत के मुखिया मुरारी मोहन मुकुंद ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी। उन्होंने कबीर अंत्येष्टि योजना के तहत मृतक के परिजनों को अंतिम संस्कार के लिए तत्काल तीन हजार रुपये की सहायता राशि प्रदान की। मुखिया ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को सरकारी सहायता दिलाने की मांग भी की।


घटना के बाद पूरे इलाके में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है। गांव के लोगों का कहना है कि सुरेंद्र यादव मिलनसार और मेहनती व्यक्ति थे। उनकी अचानक मौत से हर कोई स्तब्ध है। वहीं पुलिस मामले की जांच कर आगे की कार्रवाई में जुटी हुई है।