Patna Crime : पटना जिले के मोकामा प्रखंड स्थित रामपुर-डूमरा गांव में चल रहे नोट डबलिंग के बड़े खेल का पुलिस ने खुलासा किया है। पचमहला थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए इस अंतरराज्यीय सिंडिकेट के दो मुख्य सदस्यों को गिरफ्तार किया है। पुलिस की जांच में सामने आया है कि इस गिरोह का नेटवर्क बिहार, झारखंड, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल समेत कई राज्यों तक फैला हुआ था। मामले के सामने आने के बाद पुलिस लगातार अलग-अलग ठिकानों पर छापेमारी कर रही है और कई लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
जानकारी के अनुसार, रामपुर-डूमरा गांव का एक व्यक्ति इस पूरे गिरोह का मुख्य सरगना बताया जा रहा है। हैरानी की बात यह है कि इस अवैध धंधे में सरगना के परिवार की तीन पीढ़ियों के शामिल होने की बात भी सामने आ रही है। पुलिस को आशंका है कि इस गिरोह से सैकड़ों लोग जुड़े हुए हैं, जिनमें इंजीनियर, डॉक्टर, सफेदपोश लोग और बिचौलिए भी शामिल हैं। इनका काम भोले-भाले लोगों को लालच देकर जाल में फंसाना था।
बताया जा रहा है कि गिरोह के सदस्य लोगों को नोट डबलिंग का झांसा देते थे। पहले उन्हें भरोसे में लेने के लिए एक लाख रुपये के बदले दो लाख रुपये तक असली नोट दिए जाते थे। इससे पीड़ित लोगों का भरोसा मजबूत हो जाता था और फिर वे अधिक पैसे लगाने के लालच में अपनी जमीन, घर और संपत्ति तक बेच देते थे। इसके बाद करोड़ों रुपये सरगना तक पहुंचाए जाते थे।
ग्रामीणों के मुताबिक, असली खेल यहीं से शुरू होता था। मोटी रकम हाथ लगते ही गिरोह के सदस्य पैसा हड़प लेते थे और विरोध करने पर पीड़ितों के साथ मारपीट कर उन्हें भगा दिया जाता था। इस पूरे नेटवर्क में काम करने वाले बिचौलियों को मोटा कमीशन दिया जाता था। यही वजह थी कि यह गिरोह लंबे समय से सक्रिय रहकर लोगों को ठगता रहा।
इस मामले का खुलासा जमुई जिले के एक पीड़ित व्यक्ति की शिकायत के बाद हुआ। पीड़ित ने पचमहला थाना पहुंचकर पूरे मामले की जानकारी दी थी। इसके बाद थानाध्यक्ष कुंदन कुमार ने वरीय अधिकारियों के निर्देश पर जांच शुरू की। जांच आगे बढ़ने पर धीरे-धीरे इस सिंडिकेट की परतें खुलती चली गईं।
पुलिस ने गुरुवार शाम छापेमारी कर गिरोह के दो बड़े सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर कई अन्य लोगों को हिरासत में लिया गया है। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ में इस गिरोह से जुड़े कई और बड़े नाम सामने आ सकते हैं।
बाढ़ एसडीपीओ ए रामकृष्णा ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि पुलिस लगातार कई स्थानों पर छापेमारी कर रही है। हालांकि उन्होंने जांच प्रभावित होने की बात कहते हुए अधिक जानकारी देने से इनकार कर दिया। उन्होंने यह जरूर कहा कि प्रारंभिक जांच में इस सिंडिकेट के तार कई राज्यों तक जुड़े होने की संभावना सामने आई है।