Patna High Court : पटना उच्च न्यायालय को जल्द ही नई मुख्य न्यायाधीश मिलने जा रही हैं। न्यायिक क्षेत्र में लंबे अनुभव और निष्पक्ष कार्यशैली के लिए पहचान बना चुकीं न्यायमूर्ति मीनाक्षी एम राय अब पटना हाईकोर्ट की नई चीफ जस्टिस होंगी। उनके नाम की घोषणा के बाद बिहार के न्यायिक और प्रशासनिक हलकों में खुशी का माहौल है, वहीं सिक्किम में भी इसे गौरवपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।


मीनाक्षी एम राय का जन्म 12 जुलाई 1964 को सिक्किम के एक प्रतिष्ठित परिवार में हुआ था। उनके पिता सिक्किम सरकार में गृह सचिव के पद पर रह चुके हैं। शुरुआती शिक्षा पूरी करने के बाद उन्होंने वर्ष 1980 में दसवीं की परीक्षा उत्तीर्ण की और आगे की पढ़ाई जारी रखी। मार्च 1983 में इंटरमीडिएट पास करने के बाद उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रतिष्ठित लेडी श्रीराम कॉलेज से राजनीति शास्त्र में स्नातक की डिग्री हासिल की।


उच्च शिक्षा के दौरान ही उनका रुझान कानून की पढ़ाई की ओर बढ़ा। इसके बाद उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय के कैंपस लॉ सेंटर से विधि की पढ़ाई पूरी की और दिल्ली बार काउंसिल में अधिवक्ता के रूप में नामांकन कराया। कानून की डिग्री लेने के बाद उन्होंने दिल्ली हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में वकालत शुरू की। अपने शुरुआती दौर से ही वे गंभीर कानूनी समझ और मजबूत तर्कशक्ति के लिए जानी जाने लगी थीं।


न्यायिक सेवा में उनका सफर 11 दिसंबर 1990 से शुरू हुआ, जब उन्हें सिक्किम में न्यायिक मजिस्ट्रेट के रूप में नियुक्त किया गया। अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण मामलों में निष्पक्ष और संतुलित फैसले दिए। यही वजह रही कि न्यायपालिका में उनकी पहचान एक सक्षम और ईमानदार अधिकारी के रूप में बनी।


15 अप्रैल 2015 को मीनाक्षी एम राय ने इतिहास रचते हुए सिक्किम हाईकोर्ट की पहली महिला जज बनने का गौरव हासिल किया। यह उपलब्धि न केवल उनके लिए बल्कि पूरे सिक्किम राज्य के लिए ऐतिहासिक मानी गई। उन्होंने अपने कार्यकाल में न्यायिक पारदर्शिता और संवैधानिक मूल्यों को प्राथमिकता दी।


अब पटना हाईकोर्ट की मुख्य न्यायाधीश बनाए जाने के बाद उनके अनुभव और प्रशासनिक क्षमता से बिहार की न्यायिक व्यवस्था को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। उनके चयन पर सिक्किम के मुख्यमंत्री Prem Singh Tamang ने भी प्रसन्नता व्यक्त की है। मुख्यमंत्री ने इसे सिक्किम के लिए गर्व का क्षण बताते हुए कहा कि मीनाक्षी एम राय ने अपने कार्य और व्यक्तित्व से पूरे राज्य का सम्मान बढ़ाया है।


मुख्यमंत्री ने कहा कि न्यायिक क्षेत्र में उनका योगदान अतुलनीय रहा है और उन्होंने हमेशा निष्पक्षता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन किया। उन्होंने यह भी कहा कि जिस आत्मविश्वास और ईमानदारी के साथ मीनाक्षी एम राय ने सिक्किम हाईकोर्ट में जिम्मेदारियां निभाईं, उसका लाभ अब पटना हाईकोर्ट को मिलेगा।


मीनाक्षी एम राय की नियुक्ति को महिला सशक्तिकरण और न्यायपालिका में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी के रूप में भी देखा जा रहा है। कानूनी क्षेत्र में उनकी उपलब्धियां आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेंगी। बिहार सहित पूरे देश की निगाहें अब उनके नेतृत्व में पटना हाईकोर्ट की नई कार्यशैली और न्यायिक सुधारों पर टिकी रहेंगी।