Rabri Devi House : बिहार की राजनीति में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चल रहे विवाद के बीच अब लालू परिवार के सरकारी आवास को लेकर भी बड़ी चर्चा शुरू हो गई है। सूत्रों के अनुसार, राष्ट्रीय जनता दल (RJD) प्रमुख लालू प्रसाद यादव, पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव आने वाले महीनों में सरकारी आवास छोड़ने का फैसला कर सकते हैं। बताया जा रहा है कि परिवार की ओर से सरकार से कुछ समय मांगा गया है और निजी आवास तैयार होते ही पूरा परिवार अपने नए घर में शिफ्ट हो जाएगा।


जानकारी के मुताबिक, लालू परिवार का निजी आवास निर्माण के अंतिम चरण में है। ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि अगले तीन महीनों के भीतर सरकारी बंगला खाली करने को लेकर औपचारिक घोषणा की जा सकती है। हालांकि इस संबंध में अभी तक परिवार या पार्टी की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।


राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि सुरक्षा व्यवस्था में हुए बदलाव और सरकारी सुविधाओं को लेकर चल रही बहस के बीच लालू परिवार अपने निजी आवास में रहने का निर्णय ले सकता है। सूत्रों का कहना है कि परिवार ने सरकार को संकेत दिया है कि निजी मकान पूरी तरह तैयार होने तक उन्हें कुछ समय दिया जाए।


वर्तमान में राबड़ी देवी और लालू प्रसाद यादव पटना स्थित सरकारी आवास में रह रहे हैं। यह आवास वर्षों से बिहार की राजनीति का प्रमुख केंद्र रहा है। वहीं तेजस्वी यादव भी सरकारी आवास का उपयोग कर रहे हैं। लेकिन अब परिवार का ध्यान अपने निजी आवास की ओर है, जहां सभी सदस्य एक साथ रहने की योजना बना रहे हैं।


राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यदि लालू परिवार सरकारी बंगला छोड़ता है तो यह बिहार की राजनीति में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम होगा। लंबे समय से विपक्ष और सत्तापक्ष के बीच सरकारी आवास को लेकर बयानबाजी होती रही है। ऐसे में परिवार का यह कदम राजनीतिक रूप से भी काफी अहम माना जा सकता है।


सूत्रों के अनुसार, निजी आवास में सभी आधुनिक सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है और अगले कुछ महीनों में इसके पूरा होने की उम्मीद है। जैसे ही निर्माण कार्य समाप्त होगा, परिवार सरकारी आवास खाली करने की प्रक्रिया शुरू कर सकता है।


हाल के दिनों में लालू परिवार की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी काफी विवाद देखने को मिला था। सुरक्षा में कटौती के विरोध में परिवार ने अपने आवास पर तैनात सुरक्षाकर्मियों को वापस भेज दिया था। इस घटना के बाद राजनीतिक माहौल और अधिक गर्म हो गया था। अब सरकारी बंगला छोड़ने की संभावित खबर ने बिहार की राजनीति में नई चर्चा छेड़ दी है।


फिलहाल सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि लालू परिवार इस मुद्दे पर आधिकारिक घोषणा कब करता है। यदि सब कुछ योजना के अनुसार हुआ तो अगले तीन महीनों के भीतर राबड़ी देवी, लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव सरकारी आवास छोड़कर अपने नए निजी घर में शिफ्ट हो सकते हैं। इससे बिहार की राजनीति में एक लंबे अध्याय का अंत और नए अध्याय की शुरुआत देखने को मिल सकती है।