Jitendra Kumar IPS: बिहार कैडर के वरिष्ठ IPS अधिकारी जितेंद्र कुमार को रेलवे सुरक्षा बल (RPF) का नया महानिदेशक (DG) नियुक्त किया गया है। केंद्र सरकार ने उनकी नियुक्ति को मंजूरी देते हुए इस संबंध में आदेश जारी कर दिया है। वह वर्तमान RPF महानिदेशक सोनाली मिश्रा की जगह लेंगे, जिनका कार्यकाल 31 अक्टूबर 2026 को पूरा हो रहा है। जितेंद्र कुमार का कार्यकाल पदभार ग्रहण करने की तारीख से 31 मार्च 2030 तक या अगले आदेश तक रहेगा। उनकी नियुक्ति के बाद रेलवे सुरक्षा बल की कमान एक अनुभवी IPS अधिकारी के हाथों में होगी।



कौन हैं जितेंद्र कुमार?

जितेंद्र कुमार 1993 बैच के IPS अधिकारी हैं और उन्हें पुलिस सेवा में करीब 33 वर्षों का अनुभव है। मूल रूप से उत्तर प्रदेश के रहने वाले जितेंद्र कुमार बिहार पुलिस में कई महत्वपूर्ण पदों पर अपनी सेवाएं दे चुके हैं। वह बिहार पुलिस मुख्यालय और अपराध अनुसंधान विभाग (CID) में अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (ADG) के पद पर भी काम कर चुके हैं। पिछले साल उन्हें महानिदेशक (DG) रैंक में प्रोन्नति दी गई थी।



फिलहाल वह बिहार पुलिस के केंद्रीय चयन पर्षद (सिपाही भर्ती) के अध्यक्ष हैं। इसके अलावा, उनके पास बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस (BSAP) के महानिदेशक का अतिरिक्त प्रभार भी है। बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग के अध्यक्ष केएस द्विवेदी के अवकाश पर जाने के बाद राज्य सरकार ने इस पद की जिम्मेदारी भी जितेंद्र कुमार को सौंपी थी।



जितेंद्र कुमार के RPF महानिदेशक बनने के बाद बिहार में उनके पास मौजूद तीन पदों की जिम्मेदारी दूसरे अधिकारियों को सौंपनी होगी। ऐसे में राज्य सरकार को केंद्रीय चयन पर्षद (सिपाही भर्ती), बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस (BSAP) और बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग के कामकाज के लिए नई व्यवस्था करनी पड़ेगी। इन पदों पर नई नियुक्तियों या अतिरिक्त प्रभार को लेकर राज्य सरकार के अगले फैसले पर नजर रहेगी।



RPF DG के रूप में क्या होगी जिम्मेदारी?

रेलवे सुरक्षा बल देशभर में रेलवे की संपत्तियों की सुरक्षा और रेल परिसरों में सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। RPF महानिदेशक के रूप में जितेंद्र कुमार के सामने रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने तथा यात्रियों की सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी होगी।



उनके लंबे पुलिस अनुभव का लाभ रेलवे सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने में मिल सकता है। उनकी नियुक्ति के साथ ही बिहार पुलिस में रिक्त होने वाली जिम्मेदारियों के लिए भी राज्य सरकार को नई व्यवस्था करनी होगी।