International Yoga Day 2026: अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 के अवसर पर रविवार, 21 जून को देश और दुनिया में भव्य कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस वर्ष योग दिवस की थीम ‘योग फॉर हेल्दी एजिंग’ (Yoga for Healthy Ageing) रखी गई, जिसका उद्देश्य योग के माध्यम से स्वस्थ और सक्रिय जीवनशैली को बढ़ावा देना है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के रेड रोड से राष्ट्रीय कार्यक्रम का नेतृत्व किया और देशवासियों को योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संदेश दिया। 


कोलकाता में आयोजित मुख्य समारोह में हजारों लोगों ने प्रधानमंत्री के साथ योगाभ्यास किया। इस अवसर पर पीएम मोदी ने कहा कि योग केवल शरीर को स्वस्थ रखने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह व्यक्ति के मानसिक, भावनात्मक और आध्यात्मिक विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने कहा कि योग दुनिया को जोड़ने वाली एक ऐसी शक्ति बन चुका है, जिसने अलग-अलग देशों और संस्कृतियों के लोगों को एक साझा उद्देश्य से जोड़ा है।


प्रधानमंत्री ने कहा कि इस वर्ष की थीम ‘योग फॉर हेल्दी एजिंग’ बेहद महत्वपूर्ण है। आज के समय में बढ़ती उम्र के साथ स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियां भी बढ़ रही हैं, ऐसे में योग लोगों को लंबे समय तक स्वस्थ, सक्रिय और ऊर्जावान बनाए रखने में मदद कर सकता है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे योग को अपनी रोजमर्रा की दिनचर्या में शामिल करें।


बढ़ती उम्र को लेकर प्रधानमंत्री ने कहा कि उम्र को कभी भी कमजोरी नहीं माना जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि व्यक्ति का लक्ष्य होना चाहिए कि 40 वर्ष की उम्र में वह 20 वर्ष की उम्र की तुलना में अधिक लचीला बने, 50 वर्ष की उम्र में 30 वर्ष की उम्र से अधिक ऊर्जावान रहे और 70 वर्ष की उम्र में 40 वर्ष की तुलना में बीमारियों से लड़ने की अधिक क्षमता रखे। उन्होंने कहा कि योग इस लक्ष्य को हासिल करने का प्रभावी माध्यम है।


पीएम मोदी ने कहा कि योग शरीर और मन के बीच संतुलन स्थापित करता है। यह तनाव को कम करने, मानसिक शांति प्राप्त करने और जीवन की गुणवत्ता को बेहतर बनाने में सहायक है। उन्होंने कहा कि आज पूरी दुनिया योग के महत्व को समझ रही है और करोड़ों लोग इसे अपनी जीवनशैली का हिस्सा बना चुके हैं।


अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने 21 जून के महत्व का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि दुनिया के कई हिस्सों में 21 जून वर्ष का सबसे लंबा दिन होता है। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के कारण अब यह दिन दुनिया के सबसे बड़े सामूहिक उत्सव का भी प्रतीक बन गया है। उन्होंने कहा कि योग ने सीमाओं, भाषाओं और संस्कृतियों से ऊपर उठकर पूरी मानवता को एक सूत्र में बांधने का कार्य किया है।


देश के विभिन्न राज्यों के साथ-साथ दुनिया के कई देशों में भी योग दिवस के अवसर पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए। स्कूलों, कॉलेजों, सरकारी संस्थानों, सामाजिक संगठनों और विभिन्न संस्थाओं द्वारा सामूहिक योग कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।


अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 का संदेश स्पष्ट है कि स्वस्थ और संतुलित जीवन के लिए योग को अपनाना समय की आवश्यकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि नियमित योगाभ्यास न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है, बल्कि मानसिक शांति, सकारात्मक सोच और बेहतर जीवनशैली को भी बढ़ावा देता है।