Bihar Crime News : बिहार में अपराधियों का दुस्साहस एक बार फिर सामने आया है। वैशाली जिले के हाजीपुर में 50 हजार रुपये की सुपारी लेकर हत्या करने पहुंचे एक अपराधी को ग्रामीणों ने हथियार समेत रंगे हाथ पकड़ लिया। इसके बाद गुस्साए लोगों ने आरोपी की जमकर पिटाई कर दी और फिर उसे पुलिस के हवाले कर दिया। घटना हाजीपुर के औद्योगिक थाना क्षेत्र स्थित हिलालपुर गांव की बताई जा रही है, जहां पुरानी रंजिश में एक और खूनी वारदात की साजिश रची जा रही थी।
जानकारी के अनुसार पकड़े गए आरोपी की पहचान भूषण कुमार के रूप में हुई है, जो राजा पाकर थाना क्षेत्र के चकियारी गांव का रहने वाला बताया जा रहा है। ग्रामीणों ने जब उसे संदिग्ध हालत में गांव में घूमते देखा तो उसे पकड़ लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से एक देसी कट्टा, जिंदा कारतूस और नशीला पदार्थ हीरोइन बरामद किया गया। इसके बाद गांव में हड़कंप मच गया और लोगों की भीड़ मौके पर जुट गई। भीड़ ने आरोपी की जमकर पिटाई कर दी। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह आरोपी को ग्रामीणों के चंगुल से छुड़ाया और अपने साथ थाने ले गई।
बताया जा रहा है कि इस पूरे मामले की जड़ दो साल पुरानी दुश्मनी है। वर्ष 2024 में गांव के ही दो दोस्तों के बीच विवाद हुआ था। इसी दौरान अमरजीत कुमार और उसके भाई अंकित सिंह ने मिलकर अपने दोस्त रंजीत कुमार यादव की आंख में नुकीली कांटी घोंप दी थी। इस हमले में रंजीत गंभीर रूप से घायल हो गया था। घटना को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए थे।
कुछ दिनों बाद रंजीत कुमार यादव ने इस हमले का बदला लिया और अमरजीत कुमार की गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस हत्या मामले में रंजीत यादव और उसके कई साथी जेल भी गए थे। हालांकि जेल से बाहर आने के बाद भी दोनों परिवारों के बीच दुश्मनी खत्म नहीं हुई। गांव में लगातार तनाव बना हुआ था और एक-दूसरे पर नजर रखी जा रही थी।
स्थानीय लोगों के मुताबिक हाल के दिनों में अंकित सिंह और उसके परिवार के लोग रंजीत यादव और उसके परिजनों की रेकी करवा रहे थे। आरोप है कि रंजीत यादव के भाई सुभाष कुमार यादव की हत्या की साजिश रची गई थी और इसके लिए 50 हजार रुपये की सुपारी दी गई थी। इसी साजिश को अंजाम देने के लिए आरोपी भूषण कुमार हथियार लेकर गांव पहुंचा था। लेकिन वारदात से पहले ही ग्रामीणों को शक हो गया और उन्होंने उसे दबोच लिया।
ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय रहते आरोपी नहीं पकड़ा जाता तो गांव में एक और हत्या हो सकती थी। घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुट गई है और आरोपी से पूछताछ कर रही है। साथ ही यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि हत्या की साजिश में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।
इस मामले में गांव के लोगों ने पंकज सिंह को पूरे घटनाक्रम का मास्टरमाइंड बताया है। बताया जा रहा है कि पंकज सिंह, अंकित सिंह और मृतक अमरजीत सिंह का चाचा है और उसी के इशारे पर हत्या की योजना बनाई गई थी। हालांकि पुलिस ने अभी आधिकारिक रूप से इसकी पुष्टि नहीं की है। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा।