PATNA: पटना के कदमकुआं थाना क्षेत्र स्थित खान ग्लोबल स्टडीज कोचिंग संस्थान पर हमले मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ज्ञान बिंदु कोचिंग संस्थान के निदेशक रौशन आनंद समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। सभी को पेशी के लिए कोर्ट ले जाया गया है। इस पूरे विवाद के बीच पटना के एक और चर्चित कोचिंग शिक्षक गुरु रहमान का बयान सामने आया है। उन्होंने दावा किया कि बिहार पुलिस सिपाही भर्ती के रिजल्ट के बाद दोनों कोचिंग वालों (खान सर और ज्ञान बिंदु के रौशन सर) ने स्टूडेंट्स की जमकर खरीद-फरोख्त की। 


गुरु रहमान ने बताया कि खान सर ने अपने प्रतिद्वंद्वी कोचिंग संस्थान ज्ञान बिंदु के अभ्यर्थियों को अपने पक्ष में ले लिया था। इसी के बाद गहमागहमी और मारपीट हुई। मामले को बढ़ा दिखाने के लिए खान सर ने फायरिंग की बात कही, जबकि कोई गोली नहीं चली थी। खान सर की आदत रही है, वह अक्सर स्टूडेंट्स की खरीद-फरोख्त करते रहते हैं। गुरु रहमान ने आगे कहा कि बिहार में सिपाही के कुल 19838 पदों पर ही बहाली थी, जबकि उन्होंने (खान सर ने) 22 हजार अभ्यर्थियों के पास होने का दावा कर दिया। जब पकड़े गए तो गोली चलवाने की बात करने लगे जो कि बिल्कुल गलत है। हां मारपीट की घटना हुई है, लेकिन गोली नहीं चली है।


गुरु रहमान ने कहा कि अगर कोचिंग संस्थान के संचालकों के बीच इसी तरह से मनमानी और स्टूडेंट्स की खरीद-बिक्री चलती रही, तो आने वाली पीढ़ी का भविष्य खराब हो जाएगा। विवाद बहुत लंबे समय से चल रहा है। और जब तक ये लोग अपना नौटंकी नहीं छोड़ेंगा तब तक विवाद चलता रहेगा। इनके नौटंकी का परिणाम है कि ये विवाद चल रहा है। 


गुरु रहमान ने कहा कि कोई बोल रहा है कि हमारे यहां से 12 हजार अभ्यर्थियों ने पुलिस की परीक्षा पास की है तो कोई बोल रहा है कि मेरे यहां से 10 हजार छात्र पास किया है। बाकी जितने भी कोचिंग संस्थान हैं वो कबूतर उड़ा रहे हैं। खान और रौशन आनंद दोनों शिक्षक नहीं है। दोनों शिक्षक के नाम पर कलंक हैं। बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रहे है।


उन्होंने कहा कि नीट और जेईई के छोटे छोटे मासूम बच्चों को खड़ा करवाके इंकलाब जिंदाबाद करवा रहे हैं। एक तरफ खान सर बोलते हैं कि गोली मेरे आंखों के सामने चली। सुबह सुबह पलट जाते हैं कि गोली नहीं चली गेट खटखटा रहा था। कैसी नौटंकी है मिस्टर खान और रौशन आनंद?


गुरु रहमान ने कहा कि सीनियर एसपी और डीजीपी विनय भईया और सम्राट चौधरी से अनुरोध करता हूं कि रौशन आनंद की गिरफ्तारी हुई है तो खान की भी गिरफ्तारी होनी चाहिए। दोनों की गिरफ्तारी होने के बाद पूछताछ हो और कठोर कार्रवाई की जाए। बताइए एक जगह पर 5 हजार बच्चों का भीड़ लगा रहे, यदि कही भगदड़ मच जाए तो बड़ी घटना हो सकती थी। लेकिन पता नहीं क्यों एडमिनिस्ट्रेशन कुछ नहीं कर रहा है। पवन सिंह हैं खान और खेसारी लाल हैं रौशन आनंद, जब तक ई सब काम ये लोग करता रहेगा शिक्षा का स्तर गिरता रहेगा और बच्चों की जिन्दगी के साथ खिलवाड़ होता रहेगा।