Bihar News: बिहार सरकार के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा के निदेश पर पूर्व में प्राप्त शिकायतों के आलोक में कृषि विभाग ने उर्वरक आवंटन एवं बीज वितरण व्यवस्था में अनियमितताओं को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक प्रशासनिक कार्रवाई शुरू कर दी है। विभाग का स्पष्ट मानना है कि कृषि उपादानों के वितरण एवं अनुज्ञप्ति जारी करने की प्रक्रिया में पारदर्शिता, निष्पक्षता और निर्धारित नियमों का पालन अनिवार्य है। किसानों के हितों के साथ किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।




विजय कुमार सिन्हा ने बताया कि प्राप्त शिकायतों में उर्वरक के आवंटन में अनियमितता, बीज वितरकों को अनुज्ञप्ति प्रदान करने में गड़बड़ी तथा नए अनुज्ञप्ति जारी किए जाने की प्रक्रिया में अनियमितताओं से संबंधित मामले शामिल हैं। इन शिकायतों की गंभीरता को देखते हुए विभाग ने तत्काल प्रशासनिक कदम उठाते हुए दो अधिकारियों को उनके वर्तमान कार्यस्थल से हटाकर अन्य कार्यालयों में संबद्ध कर दिया है। इनमें सहायक निदेशक (शष्य), उर्वरक प्रचालन तथा सहायक निदेशक (शष्य), उपादान प्रवर्तन, मुख्यालय शामिल हैं।




इसके अतिरिक्त, इन सभी मामलों की निष्पक्ष, विस्तृत एवं तथ्यपरक जांच सुनिश्चित करने के लिए एक उच्चस्तरीय कमिटी गठित कर उसे जांच का निर्देश दिया गया है। कमिटी को संबंधित अभिलेखों, उर्वरक आवंटन की प्रक्रिया, बीज वितरकों को जारी अनुज्ञप्तियों तथा नए अनुज्ञप्ति प्रदान करने से जुड़े सभी पहलुओं की गहन जांच करने को कहा गया है।




विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि जांच के दौरान यदि किसी भी स्तर पर अनियमितता या नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है, तो संबंधित पदाधिकारियों एवं दोषियों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी। कृषि विभाग किसानों को गुणवत्तापूर्ण कृषि उपादानों की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा विभागीय कार्यप्रणाली को जवाबदेह एवं पारदर्शी बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।