Bihar weather :  उत्तर बिहार में अगले कुछ दिनों के दौरान मौसम करवट ले सकता है। सितंबर के बीच में एक बार फिर कई इलाकों में बादल सक्रिय होने की संभावना है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक 13 और 14 सितंबर को उत्तर बिहार के अधिकांश जिलों में कुछ स्थानों पर गरज के साथ हल्की बारिश हो सकती है। इसे देखते हुए लोगों को मौसम में होने वाले बदलाव के लिए सतर्क रहने की सलाह दी गई है।


डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, पूसा के मौसम विभाग और भारत मौसम विज्ञान विभाग के सहयोग से जारी मध्य अवधि मौसम पूर्वानुमान में 12 से 16 सितंबर तक मौसम की स्थिति में बदलाव की संभावना जताई गई है। मौसम वैज्ञानिक डॉ. ए. सत्तार के अनुसार इस दौरान आसमान में बादलों की आवाजाही बढ़ सकती है और कुछ क्षेत्रों में गरज वाले बादल बनने की स्थिति बन सकती है।


13 और 14 सितंबर को बारिश का ज्यादा असर

पूर्वानुमान की अवधि में खास तौर पर 13 और 14 सितंबर को मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। उत्तर बिहार के अधिकांश जिलों में कई जगहों पर गरज वाले बादल विकसित होने की संभावना है। इसके साथ ही हल्की बारिश भी हो सकती है।


हालांकि बारिश बहुत व्यापक या भारी होने का अनुमान नहीं है, लेकिन स्थानीय स्तर पर मौसम अचानक बदल सकता है। किसानों और आम लोगों को खेतों तथा खुले स्थानों पर काम करते समय मौसम की स्थिति पर नजर रखने की सलाह दी गई है।


तापमान 35 डिग्री तक पहुंचने की संभावना

बारिश के आसार के बावजूद तापमान में बहुत बड़ी गिरावट की उम्मीद नहीं है। शुक्रवार को अधिकतम तापमान 33.2 डिग्री सेल्सियस, जबकि न्यूनतम तापमान 22.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।


आने वाले चार दिनों में अधिकतम तापमान 32 से 35 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है। वहीं न्यूनतम तापमान 22 से 26 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। यानी दिन में गर्मी और उमस बनी रह सकती है, जबकि सुबह और रात के समय मौसम अपेक्षाकृत सुहाना हो सकता है।


सुबह के समय ज्यादा रहेगी नमी

मौसम पूर्वानुमान के अनुसार इस दौरान हवा मुख्य रूप से पूर्वी या दक्षिण-पूर्वी दिशा से चलने की संभावना है। हवा की औसत रफ्तार करीब 8 से 10 किलोमीटर प्रति घंटे रह सकती है।


सुबह के समय वातावरण में नमी काफी अधिक रहने का अनुमान है। सापेक्ष आर्द्रता 80 से 95 प्रतिशत तक पहुंच सकती है। ऐसे में बारिश के बाद उमस बढ़ने की भी संभावना रहेगी।


किसानों के लिए अहम सलाह, 15 सितंबर तक पूरी करें अरहर की बुआई

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के साथ कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों के लिए भी जरूरी सलाह जारी की है। किसानों को 15 सितंबर तक अरहर की बुआई पूरी करने का सुझाव दिया गया है।


अरहर की खेती के लिए शरद, पूसा-9 और राजेंद्र अरहर-1 जैसी किस्मों को उपयुक्त बताया गया है। खासकर वे ऊपरी खेत जहां कम बारिश के कारण धान की रोपाई नहीं हो सकी है, वहां किसान अरहर की खेती पर विचार कर सकते हैं।


वैज्ञानिकों के मुताबिक अरहर की बुआई के लिए करीब 45 से 50 किलोग्राम बीज प्रति हेक्टेयर की दर उपयुक्त रहेगी। कतारों के बीच तथा पौधों के बीच उचित दूरी बनाए रखना भी जरूरी है। बुआई के दौरान करीब 30×10-15 सेंटीमीटर की दूरी रखने की सलाह दी गई है।


बुआई के बाद भी खेत की निगरानी जरूरी

कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि अरहर की बुआई के करीब 25 से 30 दिन बाद निराई-गुड़ाई जरूर करें। इसके साथ ही फसल की जरूरत के अनुसार संतुलित मात्रा में उर्वरक का इस्तेमाल करना चाहिए।


कुल मिलाकर अगले कुछ दिन उत्तर बिहार के मौसम के लिहाज से महत्वपूर्ण रहने वाले हैं। एक ओर 13 और 14 सितंबर को बारिश और मेघगर्जन के आसार हैं, तो दूसरी ओर किसानों के लिए अरहर की बुआई का भी यह अहम समय है। ऐसे में मौसम के पूर्वानुमान को ध्यान में रखते हुए खेती से जुड़े कामों की योजना बनाना किसानों के लिए फायदेमंद रहेगा।