Bihar weather:  बिहार में पिछले कुछ दिनों से कमजोर पड़ा मानसून अब एक बार फिर सक्रिय हो गया है। बारिश की कमी के कारण राज्य के कई हिस्सों में उमस और गर्मी ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी थी, लेकिन अब मौसम ने करवट ले ली है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने अगले कुछ दिनों के लिए राज्य के कई जिलों में तेज बारिश, आंधी और वज्रपात की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार 30 जुलाई से बारिश की गतिविधियां और तेज होंगी, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिलने की संभावना है।


30 जुलाई से भारी बारिश का अलर्ट

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार कैमूर, औरंगाबाद, गया और नवादा में 30 जुलाई से भारी बारिश हो सकती है। वहीं 31 जुलाई से 2 अगस्त के बीच भोजपुर, बक्सर, सारण, वैशाली, पूर्वी और पश्चिमी चंपारण समेत कई जिलों में जोरदार वर्षा होने की संभावना जताई गई है। इन इलाकों में तेज हवाएं चल सकती हैं और वज्रपात का खतरा भी बना रहेगा।


इसके अलावा पटना, अररिया, किशनगंज, पूर्णिया, कटिहार, सुपौल, मधेपुरा, सहरसा, सीवान, गोपालगंज, मुजफ्फरपुर, दरभंगा, मधुबनी, सीतामढ़ी, शिवहर, समस्तीपुर, नालंदा, लखीसराय, बेगूसराय, जहानाबाद, भागलपुर, बांका, जमुई, मुंगेर, खगड़िया, रोहतास, अरवल और अन्य कई जिलों में भी गरज-चमक के साथ बारिश होने के आसार हैं।


तापमान में आएगी बड़ी गिरावट

बारिश के सक्रिय होने के साथ ही अधिकतम तापमान में करीब 6 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की जा सकती है। वहीं न्यूनतम तापमान लगभग 24.3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है। इससे उमस और गर्मी से राहत मिलेगी तथा मौसम पहले की तुलना में काफी सुहावना हो जाएगा।


इन जिलों में सबसे अधिक गर्मी और बारिश दर्ज

हालिया मौसम आंकड़ों के अनुसार कैमूर जिले के भभुआ में अधिकतम तापमान 37.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो राज्य में सबसे अधिक रहा। दूसरी ओर अरवल जिले में पिछले 24 घंटों के दौरान 57 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई, जो सबसे ज्यादा वर्षा रही। राजगीर में भी 26.5 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि रोहतास, सीवान और फॉरबिसगंज सहित कई स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा हुई।


लोगों के लिए मौसम विभाग की सलाह

मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि गरज-चमक और वज्रपात के दौरान खुले मैदानों में जाने से बचें। पेड़ों, बिजली के खंभों और खुले स्थानों के नीचे खड़े न हों। खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थान पर रहें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। किसानों को भी मौसम की ताजा जानकारी पर नजर रखने की सलाह दी गई है ताकि खेती से जुड़े कार्य सुरक्षित तरीके से किए जा सकें।


मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून के दोबारा सक्रिय होने से राज्य में बारिश की कमी काफी हद तक पूरी हो सकती है। आने वाले दिनों में बिहार के अधिकांश हिस्सों में रुक-रुक कर बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है, जिससे खेती के साथ-साथ आम लोगों को भी राहत मिलेगी।