Bihar News : बिहार में वाहन चलाने वालों के लिए राहत भरी खबर है। अब ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने पर कटने वाले ई-चालान का भुगतान करने के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाने की परेशानी जल्द खत्म होने वाली है। वाहन मालिक अपने मोबाइल फोन से ही Google Pay, PhonePe और Paytm जैसे डिजिटल पेमेंट ऐप के जरिए चालान की राशि जमा कर सकेंगे। इसके लिए बिहार परिवहन विभाग एक नई डिजिटल भुगतान व्यवस्था शुरू करने जा रहा है। नई सुविधा लागू होने के बाद लोगों को चालान भरने के लिए न तो किसी कार्यालय में जाना पड़ेगा और न ही भुगतान के लिए किसी निर्धारित पोर्टल पर निर्भर रहना होगा।
दरअसल, बिहार सरकार परिवहन सेवाओं को डिजिटल बनाने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाने जा रही है। इसके तहत परिवहन विभाग भारत बिल पेमेंट सिस्टम (BBPS) प्लेटफॉर्म की शुरुआत करने की तैयारी में है। विभाग की योजना के मुताबिक, 16 नवंबर 2026 से इस सुविधा को आम लोगों के लिए लाइव किया जा सकता है। इसके बाद वाहन मालिक अपनी सुविधा के अनुसार अलग-अलग डिजिटल पेमेंट माध्यमों से ट्रैफिक चालान का भुगतान कर पाएंगे।
इस नई व्यवस्था को शुरू करने के लिए परिवहन विभाग की ओर से जरूरी तकनीकी तैयारियां लगभग पूरी कर ली गई हैं। गुरुवार को विभाग में BBPS प्लेटफॉर्म का डेमोस्ट्रेशन भी किया गया। इस दौरान अधिकारियों ने डिजिटल भुगतान प्रणाली की कार्यप्रणाली और इसकी तैयारियों का जायजा लिया। विभाग की ओर से बताया गया कि इस प्लेटफॉर्म को परिवहन विभाग की मौजूदा डिजिटल भुगतान व्यवस्था से जोड़ने के लिए नेशनल इन्फॉर्मेटिक्स सेंटर (NIC) के माध्यम से API इंटीग्रेशन का काम पूरा कर लिया गया है।
वहीं, भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के प्रतिनिधियों ने भी प्लेटफॉर्म की टेस्टिंग सफलतापूर्वक पूरी होने की जानकारी दी है। इसके बाद अब इसे 16 नवंबर से शुरू करने की तैयारी की जा रही है। माना जा रहा है कि इस सुविधा के शुरू होने से बिहार के लाखों वाहन मालिकों को फायदा मिलेगा, जिन्हें किसी कारण से ट्रैफिक चालान का भुगतान करना पड़ता है।
अभी तक कई वाहन मालिकों को चालान की राशि जमा करने के लिए ऑनलाइन पोर्टल की प्रक्रिया अपनानी पड़ती थी। कई बार तकनीकी परेशानी, जानकारी की कमी या भुगतान के तरीके को लेकर लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। ऐसे में नई व्यवस्था से चालान भुगतान की प्रक्रिया काफी सरल होने की उम्मीद है। खास बात यह होगी कि लोग अपने रोजाना इस्तेमाल किए जाने वाले डिजिटल पेमेंट ऐप के जरिए ही यह काम कर सकेंगे।
परिवहन विभाग की इस पहल का उद्देश्य केवल भुगतान को आसान बनाना ही नहीं, बल्कि पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और तकनीक आधारित बनाना भी है। डिजिटल माध्यम से भुगतान होने पर लेन-देन का रिकॉर्ड भी उपलब्ध रहेगा। इससे वाहन मालिकों को भुगतान से संबंधित जानकारी सुरक्षित रखने में सहूलियत होगी और अनावश्यक भागदौड़ से भी छुटकारा मिलेगा।
परिवहन सचिव राज कुमार ने कहा है कि राज्य सरकार की प्राथमिकता परिवहन सेवाओं को तकनीक आधारित, पारदर्शी और आम नागरिकों के लिए सुविधाजनक बनाना है। इसी दिशा में BBPS प्लेटफॉर्म को विकसित किया गया है। वहीं, राज्य परिवहन आयुक्त आरिफ अहसन के मुताबिक, शुरुआत में इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से केवल ट्रैफिक चालान के भुगतान की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। आने वाले समय में परिवहन विभाग की दूसरी भुगतान संबंधी सेवाओं को भी इससे जोड़ने की योजना है।
यानी आने वाले दिनों में बिहार के वाहन चालकों के लिए सरकारी परिवहन सेवाओं का इस्तेमाल पहले से ज्यादा आसान हो सकता है। हालांकि, वाहन मालिकों को ध्यान रखना होगा कि नई सुविधा 16 नवंबर से शुरू होने की प्रस्तावित है। इसलिए फिलहाल इसे शुरू हो चुकी सेवा नहीं समझें।
भुगतान करते समय केवल आधिकारिक और सत्यापित ऐप या प्लेटफॉर्म का ही इस्तेमाल करें। किसी अनजान लिंक पर क्लिक करके वाहन नंबर, बैंक संबंधी जानकारी या ओटीपी साझा करने से बचें। केंद्र सरकार का आधिकारिक ई-चालान पोर्टल भी फर्जी वेबसाइट और ऐप से सावधान रहने की सलाह देता है।