Bihar Crime News: ट्यूशन टीचर की निर्मम हत्या, मक्के के खेत में मिला खून से सना शव Bihar Crime News: ट्यूशन टीचर की निर्मम हत्या, मक्के के खेत में मिला खून से सना शव बिहार के इन 6 रेलवे स्टेशनों को मिला जंक्शन का दर्जा, इस दिन से होगा प्रभावी; होंगे यह बड़े फायदे बिहार के इन 6 रेलवे स्टेशनों को मिला जंक्शन का दर्जा, इस दिन से होगा प्रभावी; होंगे यह बड़े फायदे मिडिल ईस्ट में तनाव का असर: इंडिगो ने बढ़ाया फ्लाइट का किराया, नई दरें रात 12 बजे से लागू मिडिल ईस्ट में तनाव का असर: इंडिगो ने बढ़ाया फ्लाइट का किराया, नई दरें रात 12 बजे से लागू शराब के नशे में सरकारी शिक्षक ने पार की सारी हदें, आर्केस्ट्रा गर्ल के साथ अश्लील हरकत करते वीडियो वायरल; DEO ने दिए जांच के आदेश पीएम किसान सम्मान निधि योजना की 22वीं किस्त जारी, देशभर के 9.32 करोड़ किसानों के खातों में 18,640 करोड़ ट्रांसफर पीएम किसान सम्मान निधि योजना की 22वीं किस्त जारी, देशभर के 9.32 करोड़ किसानों के खातों में 18,640 करोड़ ट्रांसफर बदल जाएगी पटना के जेपी गंगा पथ की सूरत, बनेंगी 50 आधुनिक प्रीफैब्रिकेटेड दुकानें; दो महीने में पूरा करने का लक्ष्य
13-Mar-2026 07:08 PM
By FIRST BIHAR
Bihar Bhumi: बिहार के उपमुख्यमंत्री सह मंत्री, राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग विजय कुमार सिन्हा ने शुक्रवार को भू अभिलेख एवं परिमाप निदेशालय में राज्य में चल रहे विशेष भूमि सर्वेक्षण कार्य की समीक्षा की। बैठक में उन्होंने सभी जिलों के बंदोबस्त पदाधिकारियों को निर्धारित समय सीमा के भीतर सर्वेक्षण कार्य पूरा करने का लक्ष्य दिया।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि सर्वेक्षण कार्य में अब तक हुई देरी की समस्या को चिन्हित कर उसे दूर करना होगा। उन्होंने कहा कि अब माइक्रो मॉनिटरिंग कर कार्य की नियमित समीक्षा की जाएगी ताकि तय लक्ष्य के अनुसार सर्वेक्षण कार्य पूरा किया जा सके। इसके लिए सभी स्तर के सर्वे कर्मियों से प्रतिदिन शाम को उनके कार्य की रिपोर्ट मुख्यालय को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया। साथ ही अमीन डायरी प्रतिदिन भरने को अनिवार्य किया गया है।
उन्होंने कहा कि यदि शीर्ष स्तर पर व्यवस्था सुदृढ़ होगी तो निचले स्तर पर भी कार्य स्वतः बेहतर होगा। सभी अधिकारियों और कर्मियों को इस कार्य को चुनौती के रूप में लेते हुए काम करने की आवश्यकता है। सरकार की जिम्मेदारी है कि सर्वे कर्मियों को सभी आवश्यक सुविधाएं और संसाधन उपलब्ध कराए।
बेहतर कार्य करने वाले सर्वेक्षण अमीनों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से उपमुख्यमंत्री ने कहा कि जिन अमीनों की कार्य-ग्रेडिंग अच्छी होगी, उन्हें विभागीय बहाली में प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि सर्वेक्षण कार्य से जुड़े कर्मियों को अन्य कार्यों में नहीं लगाया जाए। इसके लिए भू अभिलेख एवं परिमाप निदेशालय के निदेशक श्री सुहर्ष भगत को सभी जिलाधिकारियों को पत्र जारी करने को कहा गया है।
समीक्षा के दौरान बताया गया कि विशेष सर्वेक्षण के प्रथम चरण में 20 जिलों के 89 अंचलों के कुल 5657 मौजों में से 1838 मौजों में फाइनल पब्लिकेशन पूरा कर लिया गया है, जो कुल कार्य का लगभग 33 प्रतिशत है। वहीं 3662 मौजों में ड्राफ्ट पब्लिकेशन सम्पन्न हो चुका है, जो लगभग 67.75 प्रतिशत कार्य के बराबर है।
फाइनल पब्लिकेशन (फॉर्म-20) की स्थिति में शेखपुरा 78.52 प्रतिशत के साथ अग्रणी है, जबकि कटिहार में 78.09 प्रतिशत, जहानाबाद में 65.83 प्रतिशत, मुंगेर में 38.24 प्रतिशत, नालंदा में 16.67 प्रतिशत, खगड़िया में 33.76 प्रतिशत, अररिया में 27.45 प्रतिशत, पूर्णिया में 12.64 प्रतिशत और बेगूसराय में 50 प्रतिशत कार्य पूरा किया जा चुका है।
वहीं ड्राफ्ट पब्लिकेशन (फॉर्म-12) में शेखपुरा में 284 में से 276 मौजों में कार्य पूर्ण कर 97.18 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की गई है। कटिहार में 92.13 प्रतिशत, जहानाबाद में 89.58 प्रतिशत, मुंगेर में 97.39 प्रतिशत और नालंदा में 78.79 प्रतिशत कार्य पूरा किया जा चुका है। इसके अतिरिक्त खगड़िया में 70.06 प्रतिशत, अररिया में 66.01 प्रतिशत, पूर्णिया में 77.01 प्रतिशत, बेगूसराय में 71.92 प्रतिशत, पश्चिम चंपारण में 66.90 प्रतिशत, अरवल में 65.38 प्रतिशत, लखीसराय में 69.50 प्रतिशत, शिवहर में 63.75 प्रतिशत, सहरसा में 54.92 प्रतिशत, मधेपुरा में 57.02 प्रतिशत, किशनगंज में 51.88 प्रतिशत, सीतामढ़ी में 50.02 प्रतिशत, सुपौल में 53.57 प्रतिशत, जमुई में 43.18 प्रतिशत और बांका में 38.59 प्रतिशत ड्राफ्ट पब्लिकेशन का कार्य पूरा हुआ है।
द्वितीय चरण के अंतर्गत राज्य के 36 जिलों में सर्वेक्षण की प्रगति की भी समीक्षा की गई। रिपोर्ट के अनुसार कई जिलों में त्रि-सीमाना निर्धारण और सीमा सत्यापन का कार्य तेजी से चल रहा है। मुजफ्फरपुर, सिवान, वैशाली, पटना, रोहतास और बेगूसराय जैसे जिलों में सर्वेक्षण कार्य की प्रगति अपेक्षाकृत बेहतर बताई गई, जबकि कुछ जिलों में कार्य को और गति देने की आवश्यकता बताई गई। उपमुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि विशेष भूमि सर्वेक्षण राज्य के भूमि प्रबंधन को पारदर्शी और आधुनिक बनाने की दिशा में अत्यंत महत्वपूर्ण अभियान है। इसे तय समय सीमा में पूरा करना सरकार की प्राथमिकता है।
इससे पहले सचिव गोपाल मीणा ने स्वागत भाषण में कहा कि विलंब से सभी की छवि धूमिल होती है। समय से काम करना हम सभी की जिम्मेवारी है। इस सर्वे कार्य को अगले निर्धारित समय सीमा में पूरा करना हम सभी का लक्ष्य है। धन्यवाद ज्ञापन करते हुए निदेशक सुहर्ष भगत ने कहा कि उपमुख्यमंत्री के निर्देश के अनुसार पूरी टीम कार्य करके अपना लक्ष्य हासिल करेगी। मौके पर विशेष कार्य पदाधिकारी नवाजिश अख्तर, अनुमंडल राजस्व पदाधिकारी शैलेश कुमार श्रीवास्तव, पंकज कुमार, श्रेया मिश्रा, ऐमन फातिमा सहायक निदेशक सह जिला जनसंपर्क पदाधिकारी जूही कुमारी समेत मुख्यालय के कई अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।