Bihar Road Projects: पथ निर्माण विभाग के सचिव पंकज कुमार पाल की अध्यक्षता में बुधवार को एनएचएआई/ एमओआरटीएच स्तर से स्वीकृत सड़क परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। बैठक में राज्य में सड़क निर्माण कार्यों को गति देने के लिए लंबित भू-अर्जन, फॉरेस्ट क्लियरेंस और टेंडर प्रक्रिया को तेज करने के निर्देश दिए गए।
सचिव ने निर्देश दिया कि पटना-आरा-सासाराम रोड प्रोजेक्ट के पहले खंड (सुअरा से गड़हनी) का कार्य 15 मई से हर हाल में शुरू किया जाए। साथ ही एनएचएआई अधिकारियों ने जानकारी दी कि प्रोजेक्ट के दूसरे खंड (गड़हनी से सदीसोपुर) का फाइनेंशियल क्लोजर अक्टूबर तक पूरा होगा। इस पर सचिव ने दूसरे खंड का निर्माण कार्य अक्टूबर से शुरू करने का निर्देश दिया।
साहेबगंज-अरेराज-बेतिया परियोजना के तहत बेतिया में भू-अर्जन कार्य में तेजी लाने को कहा गया। वहीं मोकामा-मुंगेर ग्रीनफील्ड फोरलेन सड़क निर्माण और पटना रिंग रोड (कन्हौली-शेरपुर) परियोजना का कार्य आवंटित हो चुका है। सचिव ने इन परियोजनाओं में भी शीघ्र भू-अर्जन पूरा कर निर्माण कार्य प्रारंभ करने के निर्देश दिए।
कटिहार में एनएच-31 के किलोमीटर 49 पर निर्माणाधीन आरओबी तथा सुपौल में एनएच-327ई के किलोमीटर 194 पर बन रहे आरओबी को हर हाल में अक्टूबर तक पूरा करने के निर्देश मुख्य अभियंता को दिए गए।
बैठक में कुल 218 किलोमीटर लंबाई की 8134 करोड़ रुपये लागत वाली छह राष्ट्रीय उच्च पथ परियोजनाओं की समीक्षा की गई, जिनमें भू-अर्जन और वैधानिक स्वीकृतियों के कारण कार्य शुरू नहीं हो पाया है। इसके अलावा 360 किलोमीटर लंबाई की 11222 करोड़ रुपये लागत वाली 12 परियोजनाओं की भी समीक्षा हुई, जिनमें स्वीकृति के बावजूद कार्य आवंटन लंबित है।
एनएच-333ए मागोबंधर-केंदुआ-झाझा-नरगंजो और भौरोगंज बाईपास के निर्माण के लिए वैधानिक स्वीकृति लेकर जल्द टेंडर आमंत्रित करने का निर्देश दिया गया। भागलपुर के ढाका मोड़ के फोरलेन चौड़ीकरण के लिए संशोधित स्वीकृति के आधार पर शीघ्र निविदा जारी करने को कहा गया।
साथ ही ढाका मोड़ से बिहार-झारखंड सीमा के बलझोर तक फोरलेन चौड़ीकरण परियोजना के लिए भू-अर्जन कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। सचिव ने अररिया-परसरमा पथ के दो-लेन सड़क निर्माण कार्य के लिए एक माह के भीतर एमओयू संपादित करने को भी कहा है।