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05-Nov-2025 05:02 PM
By FIRST BIHAR
Bihar News: पटना के शास्त्रीनगर स्थित राजस्व (सर्वे) प्रशिक्षण संस्थान में राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, बिहार सरकार के तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। यह प्रशिक्षण अंचलों में स्थापित कॉमन सर्विस सेंटर (कियोस्क) के वीएलई (Village Level Entrepreneur) को विभागीय ऑनलाइन सेवाओं की जानकारी एवं संचालन में दक्ष बनाने के उद्देश्य से आयोजित किया गया था, ताकि वे आम रैयतों एवं भूधारियों तक इन सेवाओं को सुगमता से पहुँचा सकें।
प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्घाटन विभाग के अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार सिंह, सचिव जय सिंह, निदेशक जे. प्रियदर्शिनी तथा अन्य वरीय अधिकारियों की उपस्थिति में हुआ। इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार सिंह ने कहा कि सीएससी के वीएलई विभाग की विस्तारित कड़ी के रूप में कार्य कर रहे हैं। वे फील्ड में विभागीय सेवाओं का लाभ लेने वालों के लिए पहली कड़ी हैं। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य उन्हें आवश्यक जानकारी और दक्षता प्रदान कर उनके कार्य को सरल बनाना है।
वहीं सचिव जय सिंह ने कहा कि भले ही विभाग की सभी सेवाएं ऑनलाइन हैं, परंतु अब भी कई भूधारी अंचल कार्यालयों के चक्कर लगाने को विवश होते हैं। हमारा लक्ष्य इस स्थिति को समाप्त करना है। वीएलई इसमें अहम भूमिका निभा सकते हैं। उनकी सक्रियता से व्यवस्था अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनेगी।
दो दिवसीय इस प्रशिक्षण में आईटी मैनेजर आनंद शंकर, सहायक बंदोबस्त पदाधिकारी अनुपम प्रकाश, तथा प्रोग्रामर आशीष रंजन ने विभिन्न विषयों पर प्रशिक्षण सत्र संचालित किए। आनंद शंकर ने भू-अभिलेख एवं जमाबंदी प्रणाली की विस्तृत जानकारी दी। आशीष रंजन ने ई-मापी एवं भू-लगान से संबंधित ऑनलाइन प्रक्रियाओं का प्रदर्शन किया। अनुपम प्रकाश ने आरसीएमएस, अतिक्रमण वाद एवं म्यूटेशन अपील की प्रक्रिया की जानकारी दी।
कार्यक्रम के समापन सत्र में प्रश्नोत्तर (Q&A) राउंड आयोजित किया गया, जिसमें सभी प्रशिक्षणार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और प्रशिक्षण से जुड़ी व्यावहारिक जिज्ञासाएँ साझा कीं। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग द्वारा ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से राज्यभर के वीएलई को सशक्त बनाकर, विभागीय सेवाओं को आम जनता तक सरल, पारदर्शी और सुलभ तरीके से पहुंचाने की दिशा में ठोस पहल की जा रही है।