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29-Aug-2025 08:33 AM
By First Bihar
Bihar News: बिहार की राजधानी पटना में ग्रामीण कार्य विभाग के अधीक्षण अभियंता विनोद कुमार राय पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे हैं और उनके घर से करोड़ों की अकूत संपत्ति बरामद हुई है। आर्थिक अपराध इकाई की छापेमारी के बाद कोर्ट ने इंजीनियर की स्वास्थ्य खराब होने के कारण पांच दिनों की रिमांड याचिका खारिज कर दी है। अब ईओयू इंजीनियर की पत्नी बबली राय की तलाश में जुटी है, जिनके खिलाफ नोट जलाने और पुलिस कार्य में बाधा डालने के आरोप हैं। कोर्ट से उनकी गिरफ्तारी के लिए वारंट मांगा गया है। यह मामला 22 अगस्त को शुरू हुई छापेमारी से जुड़ा है, जब ईओयू ने विनोद राय के पटना स्थित भूतनाथ रोड वाले आवास पर दबिश दी थी।
छापेमारी के दौरान ईओयू टीम को जब घर में घुसने का मौका नहीं मिला तो पत्नी बबली राय ने रात भर गेट पर रोके रखा। इस दौरान घर के अंदर लाखों रुपये के नोट और दस्तावेज जलाए जाते रहे, जिससे नालियां तक जाम हो गईं। अनुमान है कि 2-3 करोड़ रुपये के नोट नष्ट करने की कोशिश की गई, लेकिन सुबह टीम ने घर में घुसकर 52 लाख रुपये नकद, 26 लाख के गहने, अधजले नोट, लग्जरी वॉचेज और दो दर्जन से अधिक अचल संपत्ति के दस्तावेज बरामद किए हैं। इसके अलावा 12 से ज्यादा बैंक खातों का विवरण और पांच डायरियां मिलीं, जिनमें काली कमाई के लेन-देन का हिसाब दर्ज है। विनोद राय मधुबनी और सीतामढ़ी में तैनात रहे हैं और उनकी संपत्ति आय से कहीं ज्यादा बताई जा रही है।
ईओयू ने विनोद राय को गिरफ्तार कर पूछताछ की, लेकिन स्वास्थ्य बिगड़ने पर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। कोर्ट ने रिमांड की बजाय नर्सिंग होम या डॉक्टरों की मौजूदगी में पूछताछ का विकल्प सुझाया है। अब ईओयू लीगल टीम से सलाह लेकर आगे बढ़ेगी। बबली राय पर भारतीय दंड संहिता की धाराओं के तहत मामला दर्ज है, जिसमें सबूत नष्ट करने और पुलिस को बाधित करने के आरोप शामिल हैं। प्रवर्तन निदेशालय भी मनी लॉन्ड्रिंग के एंगल से जांच में शामिल हो रही है, जिससे मामला और गहरा सकता है।