Bihar news: बिहार में नया बिजली कनेक्शन लेने वालों के लिए जरूरी खबर है। अगर आप अपने घर, दुकान या किसी व्यावसायिक प्रतिष्ठान में बिजली का नया कनेक्शन लेने की योजना बना रहे हैं, तो अब आपको इसके लिए निर्धारित शुल्क की जानकारी पहले से रखनी होगी। बिजली कनेक्शन के लिए अलग-अलग श्रेणियों में दरें तय की गई हैं। कनेक्शन का लोड जितना अधिक होगा, शुल्क भी उसी हिसाब से बढ़ सकता है। ऐसे में आवेदन करने से पहले नए रेट को समझ लेना आपके लिए फायदेमंद रहेगा।
बिहार में बिजली कनेक्शन लेने के लिए उपभोक्ताओं को सर्विस कनेक्शन चार्ज देना पड़ता है। यह शुल्क कनेक्शन की श्रेणी और स्वीकृत लोड के आधार पर निर्धारित होता है। घरेलू उपभोक्ताओं के अलावा दुकान, छोटे कारोबार और बड़े व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के लिए भी अलग-अलग श्रेणियां हैं। इसलिए हर उपभोक्ता के लिए एक समान शुल्क लागू नहीं होता।
3 किलोवाट तक के कनेक्शन के लिए 900 रुपये
घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 3 किलोवाट तक के एलटी सिंगल फेज कनेक्शन का सर्विस कनेक्शन शुल्क 900 रुपये बताया गया है। वहीं, इससे अधिक लोड वाले कनेक्शन के लिए शुल्क बढ़ सकता है। ऐसे में अगर आप नया घर बनवा रहे हैं या पुराने मकान में पहली बार बिजली कनेक्शन लेने जा रहे हैं, तो आवेदन से पहले अपने स्वीकृत लोड के हिसाब से शुल्क की जानकारी जरूर लें।
ज्यादा लोड वाले कनेक्शन के लिए अधिक शुल्क
बिजली कनेक्शन की अलग-अलग श्रेणियों के लिए निर्धारित शुल्क इस प्रकार बताया गया है:
- 3 किलोवाट तक: एलटी सिंगल फेज कनेक्शन के लिए 900 रुपये।
- 7 किलोवाट तक: सिंगल फेज श्रेणी में निर्धारित सीमा से अधिक लोड होने पर अतिरिक्त शुल्क लागू हो सकता है।
- 5 किलोवाट तक के थ्री फेज कनेक्शन: 4500 रुपये।
- 20 किलोवाट तक के थ्री फेज कनेक्शन: 21,000 रुपये।
- 45 से 150 किलोवाट तक के एचटी कनेक्शन: 7000 रुपये प्रति किलोवाट की दर से शुल्क बताया गया है।
ये दरें सर्विस कनेक्शन शुल्क से संबंधित हैं। आवेदन के समय अन्य लागू शुल्क या शर्तें भी हो सकती हैं। इसलिए अंतिम राशि की पुष्टि संबंधित बिजली वितरण कंपनी से करना जरूरी है।
घर से लेकर दुकान तक, किसे पड़ेगा ज्यादा असर?
नए बिजली कनेक्शन का खर्च इस बात पर निर्भर करता है कि उपभोक्ता किस श्रेणी में आता है और कितने किलोवाट का कनेक्शन लेना चाहता है। सामान्य घरेलू जरूरतों के लिए कम लोड वाला कनेक्शन लेने वालों का खर्च अपेक्षाकृत कम हो सकता है। वहीं, ज्यादा बिजली इस्तेमाल करने वाली दुकानों, कार्यालयों और दूसरे व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को अधिक शुल्क देना पड़ सकता है।
अगर आप दुकान खोलने, नया मकान बनवाने या किसी व्यावसायिक परिसर में बिजली कनेक्शन लेने की तैयारी कर रहे हैं, तो पहले ही यह तय कर लें कि आपको कितने लोड की जरूरत है। इससे अनावश्यक खर्च से बचने और आवेदन की तैयारी करने में मदद मिलेगी।
कनेक्शन लेने से पहले इन बातों का रखें ध्यान
नया कनेक्शन लेने के लिए आवेदन करने से पहले अपने क्षेत्र की बिजली वितरण कंपनी से लागू दरों की पुष्टि करें। साथ ही, सर्विस कनेक्शन शुल्क, स्वीकृत लोड और अन्य संभावित खर्चों की जानकारी भी प्राप्त करें। इससे आवेदन के बाद शुल्क को लेकर होने वाली परेशानी से बचा जा सकता है।
बिजली कनेक्शन की नई दरों को लेकर 1 नवंबर से बदलाव लागू होने की बात कही जा रही है। हालांकि, इस तारीख और संबंधित श्रेणियों की दरों की पुष्टि ताजा आधिकारिक अधिसूचना से करना जरूरी है। उपभोक्ताओं को सलाह है कि आवेदन करने से पहले बिजली विभाग की आधिकारिक जानकारी जरूर देख लें।