Bihar EOU Raid: बिहार में भ्रष्टाचार और आय से अधिक संपत्ति के मामलों पर आर्थिक अपराध इकाई (EOU) की कार्रवाई लगातार जारी है। ताजा मामले में बिहार मुक्त विद्यालयी शिक्षण एवं परीक्षा बोर्ड (बी-बोस) में तैनात शिक्षा विभाग के उप निदेशक अजय कुमार सिंह के ठिकानों पर हुई छापेमारी ने कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। पटना और बेगूसराय में हुई कार्रवाई के दौरान नकदी, जेवर, बैंक खाते, जमीन के कागजात, लग्जरी संपत्तियों और नोएडा में फ्लैट से जुड़े दस्तावेज मिलने की बात सामने आई है।
ईओयू की जांच में सबसे ज्यादा चर्चा अजय कुमार सिंह के पिता के नाम पर मिली 11 जमीन के डीड और नोएडा के सेक्टर-142 में बुक फ्लैट को लेकर हो रही है। अधिकारियों के मुताबिक, फ्लैट के लिए अब तक करीब 60 लाख रुपये का भुगतान किया जा चुका है।
पैतृक गांव में खुली संपत्ति की परतें
बेगूसराय जिले के साहेबपुर कमाल थाना क्षेत्र स्थित पैतृक गांव परोरा में ईओयू की टीम ने तलाशी ली। यहां से करीब 15.50 लाख रुपये नकद और लगभग 9.50 लाख रुपये के गहने बरामद होने की जानकारी सामने आई। यहीं से अजय कुमार सिंह के पिता के नाम पर 11 भूखंडों के डीड भी मिले हैं। इसके अलावा बैंक पासबुक और आभूषण खरीद से जुड़ी कई रसीदें भी टीम के हाथ लगीं।
छापेमारी के दौरान दो जेसीबी, दो ट्रैक्टर, एक बोलेरो और एक बड़ा डीजी सेट भी मिला। अब इन संपत्तियों और उनके खरीद स्रोतों की जांच की जा रही है। ईओयू यह पता लगाने में जुटी है कि इन संपत्तियों के लिए रकम कहां से आई और इनके वास्तविक स्वामित्व की स्थिति क्या है।
पटना के तीन मंजिला मकान में मिला कैश और जेवर
पटना के खाजपुरा स्थित चंद्रतारा भवन में भी ईओयू ने तलाशी अभियान चलाया। जांच टीम को यहां से करीब 10.38 लाख रुपये नकद और लगभग 42 लाख रुपये मूल्य के जेवर मिले। इसके अलावा आठ बैंक खातों में करीब 18.50 लाख रुपये जमा होने की जानकारी मिली है। टीम को एलआईसी और अन्य कंपनियों की पांच पॉलिसियों के दस्तावेज भी मिले हैं। ईओयू के अनुसार, पटना के खाजपुरा में अभियुक्त का तीन मंजिला मकान है, जिसमें बड़ी रकम खर्च किए जाने की बात सामने आई है। अब मकान के निर्माण और अन्य संपत्तियों पर हुए खर्च का भी हिसाब खंगाला जा रहा है।
नोएडा में 1442 वर्गफीट का फ्लैट
छापेमारी के दौरान सामने आई जानकारी में नोएडा की संपत्ति भी जांच के दायरे में आ गई है। अजय कुमार सिंह के नाम से उत्तर प्रदेश के नोएडा सेक्टर-142 में 1442 वर्गफीट का फ्लैट बुक होने की जानकारी मिली है। बताया गया है कि इस फ्लैट के लिए करीब 60 लाख रुपये का भुगतान किया जा चुका है। ईओयू को आशंका है कि मिले दस्तावेजों की विस्तृत जांच के बाद संपत्तियों और निवेश की सूची और लंबी हो सकती है।
आय से 90 फीसदी ज्यादा संपत्ति का आरोप
अजय कुमार सिंह के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज किया गया है। प्रथमदृष्टया उनके पास ज्ञात आय के स्रोतों की तुलना में करीब 90 फीसदी अधिक, यानी लगभग 3 करोड़ 43 लाख 78 हजार 300 रुपये की संपत्ति होने की आशंका जताई गई है। इसी आधार पर डीए यानी डिसप्रोपोर्शनेट एसेट्स का मामला दर्ज करने के बाद ईओयू ने पटना, बेगूसराय और मीठापुर स्थित बी-बोस कार्यालय समेत तीन ठिकानों पर छापेमारी की।
पहले भी विवादों में रहे हैं अजय कुमार सिंह
अजय कुमार सिंह वर्ष 2005 में बिहार शिक्षा सेवा के तहत अनुमंडल शिक्षा पदाधिकारी के पद पर नियुक्त हुए थे। इससे पहले मुजफ्फरपुर में डीईओ के रूप में तैनाती के दौरान भी वे कई विवादों को लेकर चर्चा में रहे। सरकारी स्कूलों में बेंच-डेस्क और सबमर्सिबल पंप से जुड़ी खरीदारी में अनियमितता के आरोप लगे थे। शिकायतों के बाद जांच कमेटी बनाई गई थी। जांच के दौरान कुछ हेडमास्टरों के फर्जी हस्ताक्षर के जरिए बिल भुगतान कराने के आरोप भी सामने आए थे।
अब ईओयू की छापेमारी में मिले नए दस्तावेजों और संपत्तियों ने अजय कुमार सिंह की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। फिलहाल जांच एजेंसी हर दस्तावेज, बैंक खाते, जमीन और संपत्ति के स्रोत की पड़ताल कर रही है। जांच पूरी होने के बाद इस मामले में और बड़े खुलासे होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा है।