PATNA : केंद्र सरकार के तीनों कृषि कानूनों के विरोध में संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) के नेतृत्व में 40 किसान संगठनों ने आज भारत बंद का आह्वान किया है. बिहार में इसे विपक्षी महागठबंधन सहित कई अन्य राजनीतिक दलों का समर्थन मिला है. विपक्षी दलों ने इस भारत बंद को और भी कई मुद्दों से जोड़ा है जिनमें बेरोजगारी, योजनाओं में घोटाले और जातीय जनगणना शामिल हैं. बंद को समर्थन देने के लिए विपक्षी दल सड़कों पर भी उतर चुके हैं.
भारत बंद को सफल बनाने के लिए आज सुबह से ही राजद, कांग्रेस और लेफ्ट पार्टियों के कार्यकर्ता सड़क पर उतर गए हैं. आंदोलनकारी यातायात को बाधित करवा रहे हैं. पटना, वैशाली, आरा, दरभंगा, अरवल, औरंगाबाद, जहानाबाद, अरवल समेत कई जिलों महागठंधन के कार्यकर्ता सड़क पर उतर आए. हाईवे पर टायर जलाकर आगजनी कर केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की जा रही है. आंदोलनकारी किसान विरोधी कानूनों को वापस लेने की मांग कर रहे हैं.
हालांकि किसान संगठनों ने बंद के दौरान एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड सहित इमरजेंसी सेवाओं को ही काम करने की छूट दी है. कोरोना से जुड़ी सेवाओं को भी बाधित नहीं किया जाएगा. अस्पताल, एंबुलेंस, दवा दुकानों सहित अन्य मेडिकल सेवाओं को काम करने की अनुमति दी गई है. बंद समर्थक परीक्षा या साक्षात्कार में जाने वाले छात्रों को रोकेंगे.
सुबह-सुबह ही पटना और वैशाली के बीच स्थित महात्मा गांधी सेतु को राष्ट्रीय जनता दल के कार्यकर्ताओं ने जाम कर दिया है. कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस-प्रशासन पहले से अलर्ट है. हालांकि, किसान संगठनों ने बंद के शांतिपूर्ण रहने का दावा किया है.
इधर दरभंगा जिले में भी भारत बंद का असर दिख रहा है. विपक्षी दलों के कार्यकर्ताओं ने दरभंगा स्टेशन पर दरभंगा-नई दिल्ली बिहार संपर्क क्रांति सुपरफ़ास्ट एक्सप्रेस ट्रेन को रोक दिया है. ट्रेन को रोकने के बाद प्रदर्शनकारी ट्रैक जाम कर सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं.
नवादा में भी भारत बंद का भयंकर असर दिख रहा है. प्रजातंत्र चौक को जामकर अखिल भारतीय किसान संघर्ष समिति के कार्यकर्ता सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं. जाम की वजह से सड़क पर गाड़ियों की लंबी लाइन लग गई है.
आरा में भाकपा-माले के नेताओं और कार्यकर्ताओं द्वारा पटेल बस पड़ाव के समीप आरा- पटना मुख्य मार्ग एनएच- 30 जाम कर दिया गया है. इसका नेतृत्व तरारी के विधायक सुदामा प्रसाद कर रहे हैं. बंद के दौरान आरा-पटना राजमार्ग पर वाहनों की लंबी कतर लग गई है. बंद के दौरान सुरक्षा को लेकर पुलिस की भी तैनाती की गई है.
गया से गुजरने वाली जीटी रोड पर भारत बंद का आंशिक असर तक दिख रहा है. मालवाहक वाहनों का परिचालन हो रहा है, लेकिन यात्री वाहनों का परिचालन ठप है. डोभी में दुकानें खुली हुईं हैं. डोभी-चतरा सड़क मार्ग और डोभी-गया सड़क मार्ग पर लोग ऑटो से आवागमन कर रहे हैं. सड़कों पर महागठबंधन के कार्यकर्ता नही दिख रहे हैं. बता दें कि बंद के दौरान गया शहर को अलग रखा गया है, क्योंकि पितृपक्ष चल रहा है.
बेगूसराय में सुबह से ही वामदलों के कार्यकर्ता सड़क पर उतर आए हैं. कार्यकर्ताओं ने NH 31 को जाम कर दिया. सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की जा रही है. बेगूसराय में वामदलों के नेतृत्व में प्रदर्शन किया जा रहा है.
शेखपुरा जिले में भारत बंद के समर्थन में महागठबंधन के नेता-कार्यकर्ता दुकानों और वाहनों को बंद करा रहे हैं. नगर परिषद मुख्यालय क्षेत्र में इसका असर देखा जा रहा है.