Bihar Road Project: बिहार में सड़क कनेक्टिविटी को मजबूत करने वाली भागलपुर-हंसडीहा फोरलेन परियोजना को लेकर प्रशासनिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। भागलपुर से झारखंड सीमा पर स्थित भलजोर तक करीब 67 किलोमीटर लंबी सड़क को चार लेन में विकसित करने की योजना है। इस परियोजना पर कुल करीब 1,720 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के 9 अक्टूबर को संभावित भागलपुर दौरे को देखते हुए रविवार को एसडीएम राजकुमार ने राष्ट्रीय राजमार्ग के अधिकारियों के साथ सिकंदरपुर पंचायत स्थित मरचून मैदान का निरीक्षण किया। हालांकि, मुख्यमंत्री के दौरे और शिलान्यास कार्यक्रम की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
भागलपुर से भलजोर तक प्रस्तावित फोरलेन सड़क का निर्माण दो चरणों में किया जाएगा। एनएच के मुख्य अभियंता संजय कुमार भारती के अनुसार, पहले चरण में भागलपुर से खडहरा तक सड़क का निर्माण किया जाएगा। इस हिस्से पर करीब 857 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।
दूसरे चरण में खडहरा से झारखंड सीमा पर स्थित भलजोर तक सड़क बनाई जाएगी। इस चरण के लिए करीब 863 करोड़ रुपये खर्च करने की योजना है। दोनों चरणों की निविदा प्रक्रिया पूरी होने की जानकारी दी गई है। इस तरह पूरी परियोजना की अनुमानित लागत करीब 1,720 करोड़ रुपये है। फोरलेन परियोजना से भागलपुर और बांका जिले के लोगों को सड़क संपर्क बेहतर होने की उम्मीद है। प्रस्तावित सड़क भागलपुर से शुरू होकर बांका होते हुए झारखंड सीमा तक पहुंचेगी।
सड़क के फोरलेन बनने से स्थानीय लोगों, रोजाना आवागमन करने वाले यात्रियों और व्यावसायिक वाहनों को आवाजाही में सुविधा मिल सकती है। बिहार से झारखंड जाने वाले यात्रियों और मालवाहक वाहनों को भी बेहतर सड़क कनेक्टिविटी का लाभ मिलने की उम्मीद है। हालांकि, परियोजना से कुल कितने लोगों को सीधा लाभ मिलेगा या यात्रा में कितना समय बचेगा, इसका आधिकारिक आंकड़ा उपलब्ध जानकारी में नहीं दिया गया है।
भागलपुर-हंसडीहा मार्ग बिहार और झारखंड के बीच सड़क संपर्क के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जाता है। इसे फोरलेन में विकसित किए जाने से सड़क की क्षमता बढ़ने और यातायात को बेहतर तरीके से संचालित करने में मदद मिल सकती है। बेहतर सड़क संपर्क से स्थानीय बाजारों, व्यापारिक गतिविधियों और दोनों राज्यों के बीच यात्रियों एवं माल की आवाजाही को भी सुविधा मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री के संभावित कार्यक्रम को देखते हुए सिकंदरपुर पंचायत के मरचून मैदान में तैयारियां शुरू की गई हैं। प्रस्तावित सभा स्थल पर विशाल हैंगर बनाकर करीब 10 हजार लोगों के बैठने की व्यवस्था करने की योजना है। प्रशासन की ओर से सुरक्षा, यातायात, पेयजल और बिजली समेत अन्य जरूरी सुविधाओं की तैयारियों पर भी ध्यान दिया जा रहा है। एसडीएम राजकुमार ने संबंधित अधिकारियों को तैयारियों को लेकर आवश्यक निर्देश दिए हैं।
फिलहाल मुख्यमंत्री के दौरे और फोरलेन परियोजना के शिलान्यास कार्यक्रम की आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है। दूसरी ओर, दोनों चरणों की निविदा प्रक्रिया पूरी होने के बाद परियोजना के आगे बढ़ने को लेकर क्षेत्र के लोगों की नजर बनी हुई है।