PATNA: बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के बीच जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) को बड़ा झटका लगा। पार्टी की उम्मीदवार वीणा मानवी उर्फ वीणा मांडवी का नामांकन पत्र एक तकनीकी चूक के कारण खारिज कर दिया गया। सभी आवश्यक दस्तावेज जमा होने के बावजूद एक प्रस्तावक के हस्ताक्षर की कमी उनकी उम्मीदवारी पर भारी पड़ गई।


एक हस्ताक्षर की कमी बनी नामांकन रद्द होने की वजह

नामांकन पत्रों की स्क्रूटनी के दौरान निर्वाचन अधिकारियों ने पाया कि वीणा मानवी के आवेदन में निर्धारित 10 प्रस्तावकों के बजाय केवल 9 प्रस्तावकों के हस्ताक्षर थे। निर्वाचन आयोग के नियमों के अनुसार मान्यता प्राप्त दलों से अलग या छोटे दलों के उम्मीदवारों के लिए कम से कम 10 प्रस्तावकों का समर्थन अनिवार्य होता है। इसी तकनीकी कमी को नियमों का उल्लंघन मानते हुए निर्वाचन अधिकारियों ने उनका नामांकन पत्र तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया।


जांच में 14 उम्मीदवारों का नामांकन रद्द

बांकीपुर उपचुनाव के लिए दाखिल नामांकन पत्रों की जांच के दौरान कुल 14 उम्मीदवारों के नामांकन रद्द कर दिए गए। इनमें छह निर्दलीय उम्मीदवार भी शामिल हैं, जबकि अन्य विभिन्न छोटे राजनीतिक दलों से चुनाव मैदान में थे। अलग-अलग तकनीकी और प्रक्रियागत कमियों के कारण उनके नामांकन पत्र स्वीकार नहीं किए गए।


निर्वाचन अधिकारियों के अनुसार, नामांकन प्रक्रिया में छोटी-सी चूक भी उम्मीदवार की उम्मीदवारी खत्म कर सकती है। हलफनामे में गलत जानकारी, आवश्यक तथ्यों को छिपाना, अधूरे दस्तावेज जमा करना या निर्धारित प्रारूप का पालन नहीं करना नामांकन रद्द होने के प्रमुख कारण हैं। इसी वजह से चुनाव आयोग उम्मीदवारों को नामांकन पत्र भरते समय सभी दस्तावेजों और औपचारिकताओं की सावधानीपूर्वक जांच करने की सलाह देता है।


जनशक्ति जनता दल ने वीणा मानवी को बांकीपुर उपचुनाव में प्रमुख उम्मीदवार के रूप में उतारा था। पार्टी को उम्मीद थी कि उनकी उम्मीदवारी से चुनाव में मजबूत उपस्थिति दर्ज होगी। लेकिन एक प्रस्तावक के हस्ताक्षर की कमी के कारण पूरी रणनीति पर पानी फिर गया। एक प्रस्तावक के हस्तांक्षक की कमी की वजह से वीणा मानवी का नामांकन रद्द हो गया है। जिसके बाद अब जनशक्ति जनता दल बांकीपुर उपचुनाव के मैदान से बाहर हो गयी है।