Bankipur By Election Result 2026: बिहार की सबसे चर्चित विधानसभा सीटों में शामिल बांकीपुर उपचुनाव का फैसला आज हो जाएगा। सोमवार सुबह पटना के एएन कॉलेज स्थित मतगणना केंद्र में वोटों की गिनती शुरू होगी और दोपहर तक यह साफ हो जाएगा कि भाजपा अपनी पारंपरिक सीट बचाने में सफल रही या फिर राजद अथवा जन सुराज ने चुनावी समीकरण बदल दिए।
मतगणना की शुरुआत सुबह 8 बजे डाक मतपत्रों की गिनती से होगी। इसके बाद सुबह 9 बजे ईवीएम के वोटों की गिनती शुरू की जाएगी। शुरुआती रुझान साढ़े 10 से 11 बजे के बीच आने की संभावना है, जबकि दोपहर तक जीत-हार की तस्वीर काफी हद तक स्पष्ट हो सकती है।
इस उपचुनाव के लिए प्रशासन ने 14 मतगणना टेबल बनाई हैं, जहां कुल 21 राउंड में मतों की गिनती होगी। इसके अलावा सेवा मतदाताओं के लिए अलग से ईटीपीएस (इलेक्ट्रॉनिक ट्रांसमिटेड पोस्टल बैलेट सिस्टम) की व्यवस्था भी की गई है।
25 उम्मीदवारों की किस्मत का होगा फैसला
बांकीपुर सीट पर इस बार कुल 25 प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं। हालांकि मुख्य मुकाबला भाजपा, राष्ट्रीय जनता दल (राजद) और जन सुराज के बीच माना जा रहा है। यह चुनाव इसलिए भी खास है क्योंकि भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद नितिन नवीन के इस्तीफे से यह सीट खाली हुई थी।
राजनीतिक विश्लेषकों की नजर खासतौर पर जन सुराज के प्रदर्शन पर भी टिकी हुई है। यदि पार्टी यहां बेहतर प्रदर्शन करती है तो आगामी विधानसभा चुनाव से पहले बिहार की राजनीति में नए समीकरण देखने को मिल सकते हैं।
कम मतदान ने बढ़ाई सस्पेंस
इस उपचुनाव में कुल 3,79,616 मतदाताओं में से केवल 1,30,234 मतदाताओं ने मतदान किया। यानी मतदान प्रतिशत 34.31 फीसदी रहा। शहरी क्षेत्र होने के कारण कम मतदान ने सभी राजनीतिक दलों की चिंता बढ़ा दी है।
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि कम वोटिंग का फायदा किसे मिलेगा। क्या भाजपा का परंपरागत वोट बैंक बूथ तक पहुंचा, या फिर राजद और जन सुराज ने अपने समर्थकों को मतदान केंद्र तक लाने में बेहतर रणनीति अपनाई? इसका जवाब आज मतगणना के साथ मिल जाएगा।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
मतगणना केंद्र पर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। पूरे परिसर को त्रिस्तरीय सुरक्षा घेरे में रखा गया है। केंद्रीय सुरक्षा बल, बिहार पुलिस और दंडाधिकारी पूरे परिसर में तैनात रहेंगे। स्ट्रांग रूम से लेकर मतगणना हॉल तक हर गतिविधि पर सीसीटीवी कैमरों से नजर रखी जाएगी।
प्रवेश केवल अधिकृत पासधारकों को ही मिलेगा। प्रत्याशी, उनके मतगणना अभिकर्ता और चुनाव ड्यूटी में लगे अधिकारियों के लिए अलग-अलग प्रवेश व्यवस्था की गई है। मोबाइल फोन सहित कई इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के प्रवेश पर भी प्रतिबंध रहेगा।
100 से अधिक कर्मचारी संभालेंगे जिम्मेदारी
मतगणना को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए 100 से अधिक अधिकारियों और कर्मचारियों की तैनाती की गई है। प्रत्येक टेबल पर एक मतगणना पर्यवेक्षक, एक मतगणना सहायक और एक माइक्रो ऑब्जर्वर मौजूद रहेगा। इसके अलावा रिटर्निंग ऑफिसर, सहायक रिटर्निंग ऑफिसर, तकनीकी टीम और रिजर्व स्टाफ भी पूरी प्रक्रिया पर नजर रखेंगे।
पूरे बिहार की नजर परिणाम पर
बांकीपुर उपचुनाव का परिणाम केवल एक विधायक का चुनाव नहीं है, बल्कि इसे बिहार की आगामी राजनीति के संकेत के रूप में भी देखा जा रहा है। भाजपा के लिए यह अपनी मजबूत पकड़ बनाए रखने की चुनौती है, वहीं राजद इस सीट पर नई राजनीतिक जमीन तलाश रहा है। दूसरी ओर जन सुराज भी इस चुनाव के जरिए अपनी राजनीतिक ताकत साबित करने की कोशिश में है।
ऐसे में आज आने वाले नतीजे यह तय करेंगे कि बांकीपुर की जनता ने किस दल की रणनीति और नेतृत्व पर सबसे अधिक भरोसा जताया है। शुरुआती राउंड के रुझान से मुकाबले की दिशा साफ होने लगेगी, जबकि अंतिम परिणाम बिहार की राजनीति में आगे की बहस को नई दिशा दे सकता है।