Bihar Crime News: मुजफ्फरपुर में मरीजों को अस्पताल पहुंचाने वाली डायल 102 सरकारी एंबुलेंस से हथियार और मादक पदार्थ बरामद होने का मामला सामने आया है. अहियापुर थाना क्षेत्र के एसकेएमसीएच परिसर में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक एंबुलेंस से देसी कट्टा और करीब 200 ग्राम गांजा जैसा पदार्थ बरामद किया है. मामले में एंबुलेंस चालक और ईएमटी को गिरफ्तार किया गया है.


पुलिस के अनुसार, 17 अगस्त की रात गुप्त सूचना मिली थी कि एसकेएमसीएच परिसर में खड़ी एक डायल 102 एंबुलेंस में संदिग्ध सामान रखा हुआ है. सूचना के आधार पर एसकेएमसीएच ओपी की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक के पास खड़ी एंबुलेंस की तलाशी ली. तलाशी के दौरान एंबुलेंस से एक देसी कट्टा और करीब 200 ग्राम गांजा जैसा पदार्थ बरामद हुआ.


पुलिस ने मौके से एंबुलेंस चालक सरबजीत कुमार और ईएमटी मनोहर कुमार को गिरफ्तार कर लिया. सरबजीत कुमार तुर्की थाना क्षेत्र का रहने वाला है, जबकि मनोहर कुमार औराई थाना क्षेत्र का निवासी बताया गया है. दोनों आरोपियों के खिलाफ अहियापुर थाना में कांड संख्या 1308/26 दर्ज किया गया है. पुलिस ने एंबुलेंस को भी जब्त कर लिया है.


जांच के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि बरामद की गई डायल 102 एंबुलेंस पहले बोचहां से एसकेएमसीएच पहुंची थी. अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि एंबुलेंस के बोचहां से रवाना होने और एसकेएमसीएच परिसर में हथियार व मादक पदार्थ बरामद होने के बीच कोई कनेक्शन है या नहीं.


पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि देसी कट्टा और गांजा जैसा पदार्थ एंबुलेंस में कहां से लाया गया था और इसे आगे किस जगह पहुंचाया जाना था. इसके लिए गिरफ्तार दोनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है.


सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी ने बताया कि शुरुआती जांच में ऐसा प्रतीत हो रहा है कि दोनों आरोपी किसी सामान को एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने वाले कैरियर की भूमिका में हो सकते हैं. हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि वे किस गिरोह से जुड़े हैं, उन्हें हथियार और मादक पदार्थ किसने उपलब्ध कराया था और इन्हें किस व्यक्ति तक पहुंचाया जाना था.


पुलिस आरोपियों के फॉरवर्ड और बैकवर्ड लिंक की जांच कर रही है. इसके साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस पूरे मामले में किसी संगठित गिरोह की भूमिका है या नहीं.


गिरफ्तार दोनों आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी जांच की जा रही है. पुलिस के अनुसार, अहियापुर थाना क्षेत्र में फिलहाल दोनों के खिलाफ कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं मिला है. अब तुर्की, औराई समेत जिले के अन्य थानों से भी उनके आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटाई जा रही है.


पुलिस दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया में जुटी है. बरामद हथियार और मादक पदार्थ की जांच के साथ-साथ पुलिस एंबुलेंस के इस्तेमाल और पूरे नेटवर्क से जुड़े लोगों की जानकारी जुटा रही है.


मामला सामने आने के बाद पुलिस ने सरकारी वाहनों की भी रैंडम जांच करने की बात कही है. सिटी एसपी के अनुसार, अब तक वाहन जांच के दौरान मुख्य रूप से निजी वाहनों पर ध्यान दिया जाता था, लेकिन सरकारी वाहनों के आपराधिक गतिविधियों में इस्तेमाल की आशंका को देखते हुए उनकी भी रैंडम चेकिंग की जाएगी.