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24-Feb-2026 04:18 PM
By First Bihar
Bihar Road Project: बिहार में सड़क विकास को लेकर एक और बड़ी घोषणा हुई है। राज्य को जल्द ही एक नए सिक्स लेन एक्सप्रेसवे की सौगात मिलने वाली है। इस परियोजना से मुंगेर, सहरसा, बांका, मधेपुरा और खगड़िया समेत पांच जिलों के लोगों को सीधा लाभ मिलेगा। खास बात यह है कि इस एक्सप्रेसवे के बनने से नेपाल के पशुपतिनाथ और झारखंड के देवघर स्थित बैद्यनाथ धाम की यात्रा पहले से कहीं अधिक आसान और तेज हो जाएगी।
बिहार में इन दिनों आधारभूत संरचना को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। सड़क नेटवर्क के विस्तार के साथ-साथ हाई-स्पीड कॉरिडोर पर भी काम तेज किया जा रहा है। इसी कड़ी में प्रस्तावित सिक्स लेन एक्सप्रेसवे को राज्य के लिए गेम चेंजर माना जा रहा है। यह परियोजना न केवल आवागमन को बेहतर बनाएगी, बल्कि क्षेत्रीय विकास को भी गति देगी।
पशुपतिनाथ-बैद्यनाथ धाम हाई-स्पीड कॉरिडोर
जानकारी के अनुसार, पथ निर्माण मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने पशुपतिनाथ से बैद्यनाथ धाम तक ग्रीनफील्ड हाई-स्पीड कॉरिडोर बनाने की घोषणा की थी। यह एक्सप्रेसवे लगभग 250 किलोमीटर लंबा होगा। नेपाल के पशुपतिनाथ से शुरू होकर यह कॉरिडोर बिहार के रास्ते झारखंड के देवघर तक जाएगा। बिहार में यह एक्सप्रेसवे सुपौल जिले से प्रवेश करेगा और कई जिलों को जोड़ते हुए आगे बढ़ेगा।
इस एक्सप्रेसवे के बनने के बाद मुंगेर से बस के जरिए लगभग तीन घंटे में पशुपतिनाथ और करीब दो घंटे में देवघर पहुंचना संभव हो सकेगा। धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलने की भी पूरी संभावना है, जिससे स्थानीय कारोबारियों को फायदा होगा।
रोजगार और आर्थिक विकास को बढ़ावा
सिक्स लेन एक्सप्रेसवे के निर्माण से बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे। निर्माण कार्य के दौरान स्थानीय लोगों को काम मिलेगा। साथ ही जिन किसानों की जमीन अधिग्रहित की जाएगी, उन्हें उचित मुआवजा मिलने से उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार होने की उम्मीद है।
राज्य सरकार ने वर्ष 2026-27 के बजट में सड़क निर्माण परियोजनाओं के लिए 8,260 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। इसमें हाई-स्पीड कॉरिडोर परियोजना को विशेष महत्व दिया गया है। सरकार का मानना है कि बेहतर सड़कें निवेश को आकर्षित करेंगी और उद्योगों के विकास का रास्ता खोलेंगी।
अन्य प्रमुख सड़क परियोजनाएं भी अंतिम चरण में
बिहार में इस समय कई अन्य महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं पर भी काम चल रहा है। वाराणसी से औरंगाबाद को जोड़ने वाली छह लेन सड़क परियोजना अंतिम चरण में है और जल्द ही इसके पूरा होने की उम्मीद है। इसके शुरू होने के बाद बिहार से उत्तर प्रदेश होते हुए दिल्ली तक की यात्रा अधिक तेज और सुविधाजनक हो जाएगी।
इसके अलावा औरंगाबाद से चोरदाहा तक बनने वाली छह लेन सड़क परियोजना भी लगभग पूरी होने को है। इससे झारखंड और पश्चिम बंगाल की ओर जाने वाले यात्रियों को बड़ी राहत मिलेगी।