Bihar Crime News: बिहार के मधेपुरा जिले में मंडल कारा के एक कैदी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद बुधवार को जमकर हंगामा हुआ. मृतक की पहचान भिरखी वार्ड संख्या-24 निवासी दीपक पासवान के रूप में हुई है. घटना की जानकारी मिलते ही परिजन और स्थानीय लोग बड़ी संख्या में जेल परिसर और अस्पताल पहुंच गए, जहां उन्होंने जेल प्रशासन के खिलाफ जमकर विरोध प्रदर्शन किया.


परिजनों का आरोप है कि दीपक पासवान की मौत सामान्य नहीं है, बल्कि जेल के अंदर हुई मारपीट और प्रताड़ना का नतीजा है. उनका कहना है कि दीपक पिछले पांच दिनों से जेल में बंद था और इस दौरान उसके साथ लगातार दुर्व्यवहार किया जा रहा था. परिजनों ने दावा किया कि उन्हें पहले से ही इस बात की आशंका थी कि जेल के भीतर उसके साथ कुछ गलत हो रहा है.


मृतक के परिवार वालों के अनुसार घटना वाले दिन अचानक उन्हें सूचना मिली कि दीपक की तबीयत खराब हो गई है और उसे इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया है.लेकिन जब तक परिजन अस्पताल पहुंचे, तब तक उसकी मौत हो चुकी थी. यह खबर मिलते ही परिवार के लोगों में कोहराम मच गया और उनका गुस्सा फूट पड़ा.


सदर अस्पताल के पोस्टमार्टम हाउस के बाहर परिजनों और ग्रामीणों ने जमकर हंगामा किया. लोगों ने जेल प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की. मौके पर माहौल काफी तनावपूर्ण हो गया, जिसके बाद पुलिस को स्थिति संभालने के लिए पहुंचना पड़ा.


घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे. पुलिस अधिकारियों ने आक्रोशित परिजनों को समझाने-बुझाने की कोशिश की, लेकिन खबर लिखे जाने तक परिजन अपनी मांगों पर अड़े रहे और कार्रवाई की मांग करते रहे.


वहीं जेल प्रशासन ने परिजनों द्वारा लगाए गए मारपीट के आरोपों को पूरी तरह खारिज कर दिया है. जेल अधिकारियों का कहना है कि दीपक पासवान की तबीयत अचानक बिगड़ गई थी, जिसके बाद उसे इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज भेजा गया. इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई. प्रशासन का दावा है कि मौत के पीछे किसी तरह की मारपीट या प्रताड़ना की बात सही नहीं है.


फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुट गई है. मृतक के शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है और रिपोर्ट आने के बाद मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा. इस घटना के बाद जेल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं, जबकि परिजन न्याय की मांग कर रहे हैं.