LAKHISARAI : केन्द्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह ने जदयू विधायक अनंत सिंह और विधान पार्षद नीरज कुमार के बीच छिड़े घमासान में मध्यस्थता से इनकार कर दिया है। उन्होंने कहा कि वे अपने क्षेत्र के लोगों के आपसी झगड़े में नहीं पड़ते। न ही किसी की सिफारिश करते हैं और ना ही किसी का विरोध। इशारों में ललन सिंह ने साफ कर दिया - वे अनंत सिंह और नीरज कुमार के घमासान में पढ़ने वाले नहीं है।
बता दें कि एक दिन पहले ही जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने कहा था कि अनंत सिंह और नीरज कुमार के बीच छिड़े घमासान को ललन सिंह सुलझाएंगे. संजय झा ने कहा था कि अनंत सिंह और नीरज कुमार दोनों ललन सिंह के संसदीय क्षेत्र के हैं. इसलिए उनके बीच सुलह कराने का काम केंद्रीय मंत्री को सौंप दिया गया है।
क्या बोले ललन
शानिवार कि लखीसराय में एक सभा को संबोधित करते हुए ललन सिंह ने अनंत सिंह व नीरज कुमार का नाम लिये बगैर कहा कि वे किसी के झगड़े में नहीं पड़ते। उन्होंने मंच की अध्यक्षता और संचालन कर रहे नेता का उदाहरण देते हुए यह भी कहा कि यदि दोनों मिलने के लिए तैयार हो जाएं तो वे समझौता करवा सकते हैं। इससे अधिक कुछ नहीं कर सकते। ललन सिंह ने कहा कि वे सिर्फ विकास में विश्वास करते हैं।
मैं किसी की पैरवी नहीं करता
ललन सिंह ने कहा कि उनके क्षेत्र में लोग विवादों के बाद उनके पास आते भी हैं। लेकिन वे उस विवाद में नहीं पड़ते। ललन सिंह ने कहा कि क्षेत्र के लोगों के आपसी विवाद में मैं किसी की पैरवी नहीं करता.। अगर मैं किसी एक पक्ष की पैरवी कर दूंगा तो मुझे दूसरे पक्ष की भी पैरवी करनी होगी क्योंकि दोनों ही मेरे वोटर हैं. इसलिए मैं किसी की सिफारिश नहीं करता। वैसे अगर दोनों पक्ष आपस में समझौते के लिए तैयार हो जाएं तो मैं पंचायती जरूर कर देता हूं.
अनंत-नीरज विवाद में नहीं पड़ेंगे
जाहिर है ललन सिंह ने इशारों में साफ कर दिया है कि वे अनंत सिंह और नीरज कुमार के झगड़े के बीच में नहीं पड़ने वाले हैं। अनंत सिंह साफ साफ कह चुके हैं कि वे हर हाल में नीरज कुमार को चुनाव में हराएंगे। वहीं नीरज कुमार भी अनंत सिंह के खिलाफ आग उगल रहे है। दोनों के बीच छिड़े घमासान में पार्टी सकते में है।
नीरज को करारा झटका
विधान परिषद के चुनाव में जेडीयू के आधिकारिक उम्मीदवार नीरज कुमार के खिलाफ आग उगल रहे और खुल कर जन सुराज के प्रत्याशी के लिए प्रचार कर रहे अनंत सिंह को जेडीयू एक नोटिस तक जारी नहीं कर पाई है। अब ललन सिंह के इनकार के बाद नीरज कुमार पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है।