Bihar News: जहानाबाद के नोआवाँ में चल रही नवदिवसीय श्रीराम कथा के पांचवें दिन श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी. श्री श्री दुर्गा पूजा समिति, नोआवाँ के तत्वावधान में आयोजित कथा में जहानाबाद के अलावा अरवल, गया और पटना के अलग-अलग इलाकों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे. सुबह से ही कथा पंडाल में श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला जारी रहा और पूरा वातावरण भक्ति के रंग में नजर आया.
कथा पंडाल में मौजूद श्रद्धालु लगातार जय श्री राम और जय देवराहा बाबा के जयघोष करते रहे. महिलाओं, बुजुर्गों और युवाओं की बड़ी संख्या में मौजूदगी रही. आयोजन स्थल पर लोगों में श्रीराम कथा सुनने को लेकर खास उत्साह देखने को मिला.
सायण कुणाल का हुआ स्वागत
श्रीराम कथा के पांचवें दिन मुख्य अतिथि के रूप में बिहार धार्मिक न्यास परिषद के सचिव और महावीर मंदिर न्यास, पटना के सचिव सायण कुणाल नोआवाँ पहुंचे. आयोजन समिति की ओर से उनका अंगवस्त्र, माला और श्रीरामचरितमानस भेंट कर स्वागत किया गया.
सायण कुणाल ने नोआवाँ की धार्मिक और आध्यात्मिक पृष्ठभूमि का जिक्र करते हुए इसे सिद्ध संत देवराहा बाबा की कर्मभूमि बताया. उन्होंने कहा कि इस धरती से देवराहा बाबा का गहरा संबंध रहा है और यहां आकर उन्हें विशेष अनुभूति हो रही है.
उन्होंने कहा कि देवराहा बाबा ने अपने जीवन का बड़ा हिस्सा हिमालय, वृंदावन और मथुरा जैसे स्थानों पर बिताया, लेकिन उनका बचपन और प्रारंभिक साधना नोआवाँ में हुई थी. उन्होंने देवराहा बाबा से जुड़े अपने संस्मरण और इस क्षेत्र के धार्मिक महत्व का भी जिक्र किया.
सायण कुणाल ने अपने पिता स्वर्गीय आचार्य किशोर कुणाल को भी याद किया. उन्होंने कहा कि उनके पिता का मानना था कि मंदिरों में आने वाला चढ़ावा केवल संग्रहित न रहे, बल्कि उसका उपयोग जरूरतमंद लोगों की सेवा में होना चाहिए.
उन्होंने महावीर स्थान न्यास समिति की ओर से संचालित विभिन्न सेवा संस्थाओं और अस्पतालों का भी उल्लेख किया. इनमें महावीर कैंसर संस्थान, महावीर आरोग्य संस्थान, महावीर वात्सल्य अस्पताल, महावीर नेत्रालय, महावीर हृदय अस्पताल, महावीर वरिष्ठ नागरिक अस्पताल, विशालनाथ अस्पताल समेत अन्य संस्थाएं शामिल हैं. उन्होंने श्रद्धालुओं से इन संस्थाओं से जुड़ने और सेवा कार्यों को देखने की अपील की.
श्रीराम कथा की मुख्य वाचिका अनुराधा सरस्वती ने कथा के दौरान नोआवाँ में जुट रही भीड़ और श्रद्धालुओं की आस्था की चर्चा की. उन्होंने कहा कि पिछले चार दिनों से वह यहां श्रद्धालुओं की मौजूदगी और उत्साह देख रही हैं. उनके अनुसार, महिलाएं सुबह से कथा पंडाल में पहुंच रही हैं, बुजुर्ग भी बड़ी संख्या में कथा सुनने आ रहे हैं और युवा भी समय निकालकर कार्यक्रम में शामिल हो रहे हैं.
उन्होंने नोआवाँ को देवराहा बाबा की धरती बताते हुए कहा कि संतों के जुड़ाव वाले स्थानों का धार्मिक महत्व अलग होता है. उन्होंने आयोजन समिति और ग्रामीणों की भी सराहना की और कहा कि गांव में जिस तरह से श्रीराम कथा का आयोजन किया जा रहा है, वह लोगों की धार्मिक आस्था को दर्शाता है.
कार्यक्रम के आयोजक और श्री श्री दुर्गा पूजा समिति के सदस्य भागवत शर्मा ने मुख्य अतिथि सायण कुणाल और कथा में शामिल हुए सभी श्रद्धालुओं के प्रति आभार जताया. उन्होंने कहा कि उनके आमंत्रण पर सायण कुणाल का नोआवाँ पहुंचना गांव के लोगों के लिए खुशी की बात है.
कार्यक्रम में समिति के सदस्य नीरज कुमार, सूरज कुमार, शिवशंकर मिश्रा, रविंद्र शर्मा, गणेश कुमार, प्रशांत वत्स, विकास कुमार और राहुल कुमार समेत कई लोग मौजूद रहे. पंचायत समिति सदस्य पंकज कुमार, पैक्स अध्यक्ष योगेंद्र शर्मा, मुखिया प्रतिनिधि रामलगन ठाकुर समेत अन्य जनप्रतिनिधियों ने भी कार्यक्रम में हिस्सा लिया