Bihar Crime News: गया जिले के बेलागंज थाना क्षेत्र में उस वक्त सनसनी फैल गई, जब गया-पटना रेलखंड के रिसौद गांव के पास रेलवे ट्रैक पर एक शिक्षक का शव संदिग्ध हालत में बरामद हुआ। शव की स्थिति देखकर स्थानीय लोगों और परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है। घटना के बाद इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं, जबकि पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच में जुट गई है।
मृतक की पहचान बुनियादगंज थाना क्षेत्र के अलीपुर गांव निवासी 36 वर्षीय मो. खैरुद्दीन के रूप में हुई है। वह गया नगर निगम क्षेत्र के वार्ड संख्या 48 स्थित पठान टोली के एक प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक के पद पर कार्यरत थे। शनिवार देर रात स्थानीय लोगों ने रेलवे ट्रैक पर एक शव पड़े होने की सूचना पुलिस को दी, जिसके बाद बेलागंज थाना की टीम मौके पर पहुंची।
पुलिस जब घटनास्थल पर पहुंची तो शव की स्थिति काफी संदिग्ध मिली। मृतक का चेहरा बुरी तरह क्षत-विक्षत था, जबकि दोनों पैर गमछे से बंधे हुए थे। यही वजह है कि मामला सामान्य रेल हादसा नहीं माना जा रहा। घटनास्थल की परिस्थितियों ने हत्या की आशंका को और मजबूत कर दिया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि यह केवल ट्रेन से कटने की घटना होती, तो पैर बंधे होने जैसी बात सामने नहीं आती। लोगों का मानना है कि पहले हत्या की गई और फिर सबूत मिटाने या घटना को दुर्घटना का रूप देने के लिए शव को रेलवे ट्रैक पर फेंक दिया गया।
घटना की जानकारी मिलते ही परिजन भी मौके पर पहुंच गए। शव की पहचान होते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। इलाके के लोगों ने भी इस घटना पर गहरा दुख जताया है और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
बेलागंज पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अनुग्रह नारायण मगध मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल भेज दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। फिलहाल हत्या, आत्महत्या और दुर्घटना समेत सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है।
बेलागंज थानाध्यक्ष ने बताया कि घटनास्थल से मिले साक्ष्यों को सुरक्षित कर लिया गया है और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि शिक्षक आखिर वहां कैसे पहुंचे और उनकी मौत किन परिस्थितियों में हुई। फिलहाल पूरे इलाके में इस रहस्यमयी मौत को लेकर चर्चा का माहौल है।