Bihar News: बिहार के गयाजी जिले में 30 फीट गहरे बोरवेल में गिरे तीन वर्षीय पीयूष कुमार के सफल रेस्क्यू के बाद शनिवार को जिला पदाधिकारी शशांक शुभंकर ने समाहरणालय में एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, बीडीओ, सीओ तथा अन्य संबंधित अधिकारियों और कर्मियों को सम्मानित किया।



डीएम शशांक शुभंकर ने कहा कि बच्चे को सुरक्षित बाहर निकालने में एनडीआरएफ की मुख्य भूमिका रही, जबकि एसडीआरएफ और स्थानीय प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों ने भी अभियान में महत्वपूर्ण सहयोग दिया। सभी के समन्वित प्रयास से रेस्क्यू ऑपरेशन सफलतापूर्वक पूरा किया गया।



उन्होंने बताया कि जिले में जितने भी खुले या अनुपयोगी बोरवेल हैं, उन्हें तत्काल बंद कराने के लिए लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग (PHED) को निर्देश दिए गए हैं। साथ ही विभाग के सभी अभियंताओं से प्रमाणपत्र मांगा गया है कि उनके क्षेत्र के खुले बोरवेल सुरक्षित रूप से बंद करा दिए गए हैं।



डीएम ने यह भी कहा कि जिस बोरवेल में पीयूष गिरा था, उससे संबंधित अधिकारियों और कर्मियों से स्पष्टीकरण तलब किया गया है। बोरवेल को खुला छोड़ने वाली एजेंसी और जिम्मेदार कर्मियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने का आदेश भी जारी कर दिया गया है।



गौरतलब है कि गुरुवार शाम गया जिले के फतेहपुर प्रखंड के रंगूनगर गांव में तीन वर्षीय पीयूष कुमार लगभग 30 फीट गहरे बोरवेल में गिर गया था। करीब सात घंटे तक चले चुनौतीपूर्ण रेस्क्यू अभियान के बाद एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीम ने उसे सकुशल बाहर निकाल लिया था।

रिपोर्ट: नितम राज, गयाजी