DARBHANGA:बिहार के दरभंगा जिले में एक शादी समारोह के दौरान उस वक्त हंगामा मच गया, जब लड़की पक्ष ने आरोप लगाया कि उन्हें हिंदू लड़के की फोटो दिखाकर मुस्लिम युवक से शादी कराने की कोशिश की जा रही थी। मामला जाले थाना क्षेत्र के घोघराहा गांव का है, जहां राजस्थान से बारात पहुंची थी। लड़की पक्ष ने धोखाधड़ी का आरोप लगाते हुए शादी रुकवा दी और कुछ लोगों को बंधक बना लिया। बाद में पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की।
लड़की की मां ने लगाए गंभीर आरोप
लड़की की मां का आरोप है कि एक महिला दलाल उनकी बेटी को दूसरे धर्म और जाति में शादी करवाकर राजस्थान भेजने की तैयारी कर रही थी। उन्होंने कहा कि शादी कराने के नाम पर लगातार दबाव बनाया जा रहा था और ऑनलाइन 20 हजार रुपए भी भेजे गए थे।
परिजनों का आरोप है कि जिस लड़के की फोटो दिखाई गई थी, शादी में आया दूल्हा वह नहीं था। लड़की पक्ष का कहना है कि दूल्हा उम्रदराज था और उसकी पहचान छिपाई गई थी। यही नहीं, फर्जी आधार कार्ड बनाकर उसकी पहचान बदलने का भी आरोप लगाया गया है।
महिला दलाल पर खरीद-फरोख्त का आरोप
मामले में इकरा खातून नाम की महिला का नाम सामने आया है। आरोप है कि वह राजस्थान के लड़कों की बिहार में शादी करवाने का काम करती है और इसके बदले पैसे लेती है। लड़की पक्ष का दावा है कि शादी तय कराने के लिए 50 हजार रुपए की डील हुई थी, जिसमें 20 हजार रुपए ऑनलाइन दिए गए थे। इकरा खातून दरभंगा के जाले क्षेत्र की रहने वाली बताई जा रही है। वह पहले कई वर्षों तक राजस्थान में रह चुकी है। आरोप है कि वह गरीब परिवारों को झांसा देकर लड़कियों की शादी दूसरे राज्यों में करवाती है।
दूल्हे को देखते ही मच गया बवाल
शादी की रस्में चल रही थीं और बारात दरवाजे पर पहुंच चुकी थी। इसी दौरान जब दूल्हे को बुलाया गया तो लड़की पक्ष के लोग हैरान रह गए। उनका कहना था कि फोटो में दिखाए गए युवक और शादी में पहुंचे दूल्हे में कोई मेल नहीं था। इसके बाद लड़की पक्ष ने शादी रोक दी और दो महिलाओं समेत पांच लोगों को पकड़ लिया। मौके पर काफी देर तक हंगामा होता रहा।
पुलिस ने पांच लोगों को लिया हिरासत में
घटना की सूचना मिलते ही जाले थाना पुलिस मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी संदीप कुमार पाल ने बताया कि लड़की पक्ष की शिकायत पर पांच लोगों को हिरासत में लिया गया है। पूरे मामले की जांच की जा रही है और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के बारे में भी पूछताछ चल रही है। हालांकि पंचायत स्तर पर हुई चर्चा में कुछ लोगों ने दूल्हे के मुस्लिम होने से इनकार किया। पंचायत प्रतिनिधियों का कहना है कि आधार कार्ड में युवक की जाति महतो दर्ज है। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
लड़कियों की खरीद-फरोख्त का भी आरोप
लड़की पक्ष ने आरोप लगाया है कि शादी के नाम पर लड़कियों को दूसरे राज्यों में भेजा जाता है, जहां उनके साथ मारपीट और गलत काम करवाने जैसी घटनाएं होती हैं। पुलिस अब इस एंगल से भी जांच कर रही है कि कहीं यह मामला मानव तस्करी या शादी के नाम पर धोखाधड़ी से जुड़ा नेटवर्क तो नहीं है।