Bihar News : बिहार के भोजपुर जिले में बुधवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। आरा-सासाराम स्टेट हाईवे पर उदवंतनगर थाना क्षेत्र के कसाप गांव के पास एक बेकाबू डंपर ने बाइक सवार तीन लोगों को कुचल दिया। इस भीषण दुर्घटना में बाइक पर सवार पिता-पुत्र की मौत हो गई, जबकि उनका एक पड़ोसी युवक घायल हो गया। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। पुलिस अब दुर्घटना के लिए जिम्मेदार डंपर और उसके चालक की तलाश में जुटी है।

मृतकों की पहचान इमादपुर थाना क्षेत्र के विशनपुरा गांव निवासी अशोक कुमार सिंह (56 वर्ष) और उनके बेटे मुनमुन सिंह (32 वर्ष) के रूप में हुई है। वहीं, हादसे में घायल युवक की पहचान गांव के ही छोटू कुमार (21 वर्ष) के रूप में हुई है। घायल छोटू को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है।

जेल में बंद बेटे से मिलने गए थे अशोक

बताया जा रहा है कि अशोक कुमार सिंह का एक बेटा मारपीट के मामले में जेल में बंद है। बुधवार को अशोक अपने बेटे मुनमुन सिंह और गांव के युवक छोटू के साथ बाइक से आरा मंडल कारा पहुंचे थे। वहां उन्होंने जेल में बंद बेटे से मुलाकात की। मुलाकात के बाद तीनों बाइक से अपने गांव विशनपुरा लौट रहे थे।

दोपहर बाद जब उनकी बाइक आरा-सासाराम स्टेट हाईवे पर कसाप गांव के समीप पहुंची, तभी तेज रफ्तार और बेकाबू डंपर ने बाइक को अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बाइक सवार तीनों सड़क पर जा गिरे। हादसे में अशोक सिंह और उनके बेटे मुनमुन सिंह की मौके पर ही या इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि छोटू गंभीर रूप से घायल हो गया।

एक हादसे ने उजाड़ दिया पूरा परिवार

इस दुर्घटना ने अशोक सिंह के परिवार को पूरी तरह तोड़ दिया है। जिस परिवार में बुधवार की सुबह तक सामान्य दिनचर्या चल रही थी, वहां शाम तक चीख-पुकार मच गई। पिता और बेटे की एक साथ मौत की खबर जैसे ही विशनपुरा गांव पहुंची, पूरे इलाके में मातम पसर गया।

परिजनों के मुताबिक, अशोक कुमार सिंह खेती-किसानी से जुड़े थे और परिवार की जिम्मेदारियां संभालते थे। उनका बेटा मुनमुन सिंह भी खेती में पिता का हाथ बंटाता था। दोनों की मौत से परिवार के सामने भावनात्मक संकट के साथ-साथ आर्थिक मुश्किलें भी खड़ी हो गई हैं।

अशोक सिंह अपने दो भाइयों और एक बहन में बड़े थे। वहीं, उनके बेटे मुनमुन सिंह तीन भाइयों में सबसे बड़े बताए जाते हैं। अशोक सिंह के परिवार में पत्नी उमरावती देवी के अलावा बेटियां खुशबू सिंह और बबली सिंह तथा बेटे मुन्ना सिंह और अमन सिंह हैं।

पत्नी और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल

पिता-पुत्र की मौत की सूचना मिलते ही घर में कोहराम मच गया। अशोक सिंह की पत्नी उमरावती देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। परिजनों के मुताबिक, परिवार पहले से ही एक बेटे के जेल में होने की वजह से परेशान था। अब दूसरे बेटे और परिवार के मुखिया की सड़क हादसे में मौत ने मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। गांव के लोग भी इस घटना से स्तब्ध हैं। किसी को भरोसा नहीं हो रहा कि कुछ घंटे पहले जेल में बंद बेटे से मिलने गए अशोक सिंह और उनके बेटे मुनमुन अब इस दुनिया में नहीं रहे। ग्रामीणों के बीच हादसे को लेकर गहरा आक्रोश भी है।

डंपर चालक की तलाश में जुटी पुलिस

घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे मामले की जांच शुरू की। पुलिस ने दुर्घटना के लिए जिम्मेदार डंपर और उसके चालक की तलाश शुरू कर दी है। हादसे के बाद चालक डंपर लेकर मौके से फरार हो गया बताया जा रहा है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों और प्रत्यक्षदर्शियों से मिली जानकारी के आधार पर डंपर की पहचान करने की कोशिश कर रही है। दुर्घटना के वास्तविक कारणों और वाहन की गति समेत अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है।

मुआवजे और कार्रवाई की मांग

हादसे के बाद स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने मृतकों के परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की है। साथ ही घायल छोटू कुमार का बेहतर इलाज सरकारी खर्च पर कराने की मांग भी उठाई गई है। ग्रामीणों का कहना है कि तेज रफ्तार भारी वाहनों पर प्रभावी नियंत्रण जरूरी है, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।

फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है और डंपर चालक की तलाश जारी है। एक ही हादसे में पिता-पुत्र की मौत ने विशनपुरा गांव को गहरे सदमे में डाल दिया है। जिस बेटे से मिलने के लिए अशोक सिंह आरा मंडल कारा गए थे, उसी मुलाकात से लौटते वक्त रास्ते में उनकी और उनके दूसरे बेटे की जिंदगी खत्म हो गई। यह हादसा परिवार के लिए ऐसा दर्द छोड़ गया है, जिसकी भरपाई शायद कभी नहीं हो सकेगी।