Bihar News: बिहार के भागलपुर जिले में जमीन कब्जाने की कोशिश कर रहे बदमाशों पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। यह कार्रवाई बरारी थाना क्षेत्र के खंजरपुर बड़गांछ चौक इलाके में की गई, जहां आनंद मार्ग की प्रचारक श्यामा देवी द्वारा दान की गई जमीन पर अवैध कब्जा करने की साजिश रची जा रही थी। इस पूरे मामले के सामने आने के बाद पुलिस प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए तत्काल कार्रवाई की।
गिरफ्तार किए गए आरोपियों में फंटुश तांती उर्फ अभिषेक कुमार, अमर कुमार, सूरज कुमार, सागर कुमार, कमल कुमार चौधरी, रोहित कुमार, प्रांजल पांडेय और बबलू कुमार यादव शामिल हैं। पुलिस ने इन सभी के पास से आठ मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं, जिन्हें जांच के लिए जब्त कर लिया गया है।
दरअसल, घोघा थाना क्षेत्र के फुलकिया निवासी संदीप कुमार विक्टर ने एसएसपी प्रमोद कुमार यादव को लिखित शिकायत देकर बताया था कि कुछ लोग दान में दी गई जमीन पर जबरन कब्जा करने की कोशिश कर रहे हैं। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी ने तुरंत सिटी एसपी शैलेंद्र सिंह की निगरानी में एक विशेष टीम का गठन किया। सिटी डीएसपी अजय कुमार चौधरी के नेतृत्व में गठित टीम ने तकनीकी जांच और गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस पूछताछ में यह भी सामने आया है कि इस गिरोह के कुछ अन्य सदस्य भी मौके पर मौजूद थे, जो पुलिस की कार्रवाई से पहले ही फरार हो गए। उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
गौरतलब है कि गिरफ्तार आरोपियों में फंटुश तांती उर्फ अभिषेक कुमार का आपराधिक इतिहास काफी लंबा रहा है। उसके खिलाफ कोतवाली, बरारी और इशाकचक थाना क्षेत्रों में नौ से अधिक गंभीर मामले दर्ज हैं। वहीं अमर कुमार और सूरज कुमार पर भी पहले से केस दर्ज हैं। हालांकि अन्य आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड साफ बताया जा रहा है।
एसएसपी प्रमोद कुमार यादव ने इस कार्रवाई को लेकर स्पष्ट संदेश दिया है कि जिले में जमीन से जुड़े अपराध किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि भू-माफियाओं के खिलाफ एक विशेष अभियान चलाया जा रहा है और ऐसे अपराधियों को चिन्हित कर सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।
पुलिस प्रशासन ने यह भी बताया कि हाल के दिनों में जमीन की खरीद-बिक्री के नाम पर धोखाधड़ी और कब्जे के कई मामले सामने आए हैं। कई लोगों ने शिकायत की है कि उनसे जमीन के नाम पर लाखों रुपये लिए गए, लेकिन न तो जमीन दी गई और न ही पैसे लौटाए गए। कुछ मामलों में तो पीड़ितों को जान से मारने की धमकी तक दी गई है।
इन बढ़ती घटनाओं को देखते हुए पुलिस ने तकनीकी सेल और डीआईयू टीम को सक्रिय कर दिया है, जो संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रख रही है। साथ ही ऐसे अपराधियों की अलग सूची भी तैयार की जा रही है, जिनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस का कहना है कि बरारी, लोदीपुर, गौराडीह, जगदीशपुर, जोगसर, कोतवाली, नाथनगर, मधुसूदनपुर और सबौर थाना क्षेत्रों में जमीन से जुड़े विवादों की शिकायतें अधिक मिल रही हैं। इन सभी मामलों का सत्यापन कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।