BEGUSARAI: बिहार केसरी श्री कृष्ण सिंह यानी श्री बाबू की विरासत को लेकर बेगूसराय में एक बार फिर आवाज बुलंद होने लगी है। मल्हीपुर सिक्सलेन गोलंबर पर श्री बाबू की प्रतिमा स्थापित करने की मांग को लेकर बुधवार को हर हर महादेव चौक स्थित केडीएम होटल में नागरिक संवाद आयोजित किया गया। संवाद में बुद्धिजीवियों, शिक्षाविदों, चिकित्सकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े लोगों ने हिस्सा लिया। बैठक में प्रतिमा स्थापना की मांग को लेकर आंदोलन को जिलेव्यापी स्वरूप देने पर सहमति बनी।


कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व डिप्टी मेयर राजीव रंजन ने की, जबकि संचालन डॉ. राहुल कुमार ने किया। बैठक में वक्ताओं ने कहा कि श्री कृष्ण सिंह का नाम बेगूसराय के इतिहास और औद्योगिक विकास से अलग करके नहीं देखा जा सकता। उन्हें ‘बाहरी’ बताकर उनके योगदान पर सवाल खड़ा करना इतिहास के साथ अन्याय है।


बेगूसराय के औद्योगिक विकास में श्री बाबू की भूमिका पर जोर

वक्ताओं ने कहा कि श्री कृष्ण सिंह के दौर में बेगूसराय मुंगेर जिले का हिस्सा हुआ करता था। इसलिए उन्हें बाहरी बताने का तर्क ऐतिहासिक तथ्यों से मेल नहीं खाता। उनके नेतृत्व और दूरदर्शी सोच ने बेगूसराय में औद्योगिक विकास की मजबूत नींव रखने में अहम भूमिका निभाई।


बैठक में कहा गया कि श्री बाबू का योगदान किसी एक राजनीतिक दल या वर्ग तक सीमित नहीं है। उनका योगदान बिहार के सामाजिक, राजनीतिक और औद्योगिक इतिहास का महत्वपूर्ण हिस्सा है। ऐसे में आने वाली पीढ़ी को उनके संघर्ष और उपलब्धियों से परिचित कराना जरूरी है।


कॉलेजों से शुरू होगा जागरूकता अभियान

नागरिक संवाद में आंदोलन को सिर्फ प्रतिमा स्थापना की मांग तक सीमित नहीं रखने का निर्णय लिया गया। समिति की ओर से शुक्रवार से जिले के विभिन्न महाविद्यालयों में संवाद कार्यक्रम आयोजित करने की बात कही गई है। इन कार्यक्रमों में युवाओं और विद्यार्थियों के बीच श्री कृष्ण सिंह के राजनीतिक जीवन, सामाजिक सोच और औद्योगिक विकास में योगदान को लेकर चर्चा की जाएगी। समिति का कहना है कि युवाओं को इतिहास से जोड़कर ही श्री बाबू की विरासत को आगे बढ़ाया जा सकता है।


30 अगस्त को सड़क पर उतरेगा आंदोलन

बैठक में आंदोलन के अगले चरण की भी घोषणा कर दी गई। 30 अगस्त को ट्रैफिक चौक से विशाल मशाल जुलूस निकाला जाएगा। समिति का दावा है कि इसमें बड़ी संख्या में जिले के लोग शामिल होंगे। मशाल जुलूस के जरिए मल्हीपुर सिक्सलेन गोलंबर पर श्री कृष्ण सिंह की प्रतिमा स्थापित करने की मांग को प्रशासन और आम लोगों तक मजबूती से पहुंचाया जाएगा। समिति ने इसे श्री बाबू के सम्मान और उनकी ऐतिहासिक विरासत को संरक्षित करने की मुहिम बताया है।


कार्यक्रम में विकास कुमार आजाद, डॉ. भगवान प्रसाद सिंह, डॉ. सपना कुमारी, जवाहर भारद्वाज, चित्ररंजन सिंह, ललन सिंह, अमित कश्यप, अंकुर आजाद, साजिद मलिक, पंकज सिंह, मुखिया रंजीत कुमार, विनोद मलिक, राज किशोर सिंह समेत कई लोगों ने अपने विचार रखे। अंत में विजय पासवान ने धन्यवाद ज्ञापन किया। अब 30 अगस्त को निकलने वाले मशाल जुलूस पर सबकी नजरें हैं। देखना होगा कि श्री बाबू की प्रतिमा की मांग को लेकर शुरू हुआ यह अभियान आने वाले दिनों में कितना व्यापक रूप लेता है।