BEGUSARAI: बेगूसराय में एक बार फिर तेज रफ्तार का कहर देखने को मिला है। एनएच-31 पर हुए भीषण सड़क हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। साहेबपुर कमाल थाना क्षेत्र के कुरहा ढाला के समीप सड़क पार करने के दौरान तेज रफ्तार पिकअप वाहन ने एक ही परिवार के तीन लोगों को कुचल दिया। इस दर्दनाक हादसे में दो मासूम भाई-बहन की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पिता गंभीर रूप से घायल हो गए।
घटना इतनी भयावह थी कि पिता के सामने ही बेटे और बेटी ने तड़प-तड़प कर दम तोड़ दिया। हादसे के बाद पूरे इलाके में चीख-पुकार और अफरातफरी का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों की भारी भीड़ घटनास्थल पर जुट गई। गुस्साए ग्रामीणों ने पिकअप वाहन और चालक को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया तथा एनएच-31 को जाम कर जमकर विरोध प्रदर्शन किया। करीब एक घंटे तक सड़क पर वाहनों की लंबी कतार लगी रही और आवागमन पूरी तरह बाधित रहा।
मृतकों की पहचान खगड़िया जिले के जलकौड़ा वार्ड संख्या-3 निवासी जनार्दन तांती की 11 वर्षीय पुत्री चंद्रिका कुमारी और 9 वर्षीय पुत्र दिलीप कुमार के रूप में हुई है। वहीं 42 वर्षीय जनार्दन तांती गंभीर रूप से घायल हैं, जिनका इलाज बेगूसराय सदर अस्पताल में चल रहा है।
बताया जा रहा है कि जनार्दन तांती अपनी बहन कौशल्या देवी के दाह-संस्कार में शामिल होने मुंगेर घाट गए थे। अंतिम संस्कार के बाद वह अपने बेटे और बेटी के साथ वापस खगड़िया लौट रहे थे। इसी दौरान कुरहा ढाला के समीप सड़क पार करने के दौरान तेज रफ्तार पिकअप वाहन ने तीनों को जोरदार टक्कर मार दी। हादसा इतना जबरदस्त था कि दोनों मासूम बच्चों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पिता गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर तड़पते रहे।
इस हादसे की सबसे दर्दनाक और चौंकाने वाली बात यह रही कि जिस पिकअप वाहन से यह हादसा हुआ, उसी वाहन पर एक शव भी दाह-संस्कार के लिए मुंगेर घाट ले जाया जा रहा था। एक तरफ परिवार दाह-संस्कार से लौट रहा था, वहीं दूसरी ओर मौत बनकर दौड़ रही पिकअप ने दो मासूम बच्चों की जिंदगी छीन ली।
हादसे के बाद लोगों का गुस्सा उस वक्त और भड़क गया, जब स्थानीय लोगों ने पिकअप वाहन पर शराब की बोतलें भी देखीं। इस दृश्य को देखकर ग्रामीणों और मृतक के परिजनों में भारी आक्रोश फैल गया। लोगों का कहना था कि दाह-संस्कार जैसे पवित्र कार्य में शराब की बोतलें लेकर जाना बेहद शर्मनाक और निंदनीय है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि चालक तेज रफ्तार में वाहन चला रहा था और वाहन पर शव के साथ शराब की बोतलें भी रखी हुई थीं, जिससे लोगों का गुस्सा और बढ़ गया।
घटना के बाद काफी देर तक घटनास्थल पर तनावपूर्ण माहौल बना रहा। लोगों की आंखें नम थीं और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। मां-बाप के सपनों का सहारा माने जाने वाले दोनों मासूम हमेशा के लिए इस दुनिया को छोड़ गए। सूचना मिलते ही साहेबपुर कमाल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए बेगूसराय सदर अस्पताल भेज दिया। पुलिस ने पिकअप वाहन को जब्त कर चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है तथा आगे की कानूनी कार्रवाई में जुट गई है। यह दर्दनाक हादसा एक बार फिर एनएच-31 पर बेलगाम रफ्तार और सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर रहा है।