BEGUSARAI: अपनी जवान बेटी को खोने का दर्द झेल रहा एक परिवार अब इंसाफ की गुहार लेकर दर-दर भटक रहा है। मंगलवार को बीहट सुदी स्थान मल्हीपुर निवासी विपिन कुमार दास अपनी डेढ़ वर्षीय मासूम नातिन को गोद में लेकर एसपी कार्यालय पहुंचे और मामले में फरार आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी और सुरक्षा की मांग की। पीड़ित परिवार का आरोप है कि उनकी बेटी ज्योति कुमारी की दहेज प्रताड़ना के बाद हत्या कर दी गई, जबकि आरोपियों द्वारा मामले को आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की गई। अब केस वापस नहीं लेने पर परिवार को जान से मारने की धमकी दी जा रही है।


एसपी कार्यालय पहुंचे विपिन दास की गोद में उनकी डेढ़ साल की मासूम नातिन थी, जो इस बात से पूरी तरह अनजान है कि उसकी मां अब इस दुनिया में नहीं रही। विपिन दास ने कहा कि बच्ची रोज उठकर अपनी मां को ढूंढती है और बाहर जाने का इशारा करती है। उसे अभी तक यह नहीं पता कि उसकी मां की मौत हो चुकी है। यह दृश्य देखकर एसपी कार्यालय में मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं।


दहेज प्रताड़ना और आर्थिक तंगी से शुरू हुआ विवाद

मृतका के पिता ने बताया कि उनकी पुत्री ज्योति कुमारी की शादी 11 मार्च 2023 को लोहिया नगर थाना क्षेत्र के बाघी निवासी रवि कुमार के साथ हुई थी। रवि कुमार राजस्व विभाग में कार्यरत था, लेकिन शादी के करीब छह महीने बाद ही वह निलंबित हो गया। इसके बाद घर की आर्थिक स्थिति बिगड़ने लगी और ज्योति को कम दहेज लाने का ताना देकर मानसिक एवं शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाने लगा।


मृतका के परिजनों ने बताया कि ज्योति के सोने के जेवर को पहले 5 हजार रुपए में एक स्वर्णकार के यहां गिरवी रखा गया था। बाद में ज्योति के जेठ राजीव रंजन ने उसी जेवर पर अपनी जरूरत के लिए अतिरिक्त 25 हजार रूपए का कर्ज ले लिया। जब ज्योति अपने जेवर छुड़ाने स्वर्णकार के पास पहुंची तो उसे बताया गया कि जेवर पर कुल 30 हजार रुपए का बकाया है। इसी बात को लेकर परिवार में विवाद शुरू हो गया।


मायके आने की लगाई गुहार, शाम में मिली मौत की खबर

पीड़ित परिवार का कहना है कि 16 जून की दोपहर ज्योति ने अपनी मां को फोन कर बताया था कि उसके साथ मारपीट की गई है और उसे मायके ले जाया जाए। मां ने उसे जल्द लेने आने का आश्वासन दिया। लेकिन उसी शाम ससुराल से फोन आया कि ज्योति ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है।


परिजनों का आरोप है कि ज्योति ने आत्महत्या नहीं की, बल्कि पति और ससुराल पक्ष के लोगों ने उसकी हत्या कर शव को आत्महत्या का रूप देने का प्रयास किया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने मुख्य आरोपी पति रवि कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। हालांकि मामले में नामजद अन्य आरोपी—जेठ राजीव रंजन, राहुल कुमार, ननद के पति सुरेश राम और ननद रखी देवी अब भी फरार बताए जा रहे हैं।


केस वापस लेने का दबाव, जान से मारने की धमकी

विपिन दास ने आरोप लगाया कि हाल ही में जब वह एक ठेकेदार के साथ काम से लौट रहे थे, तभी महना बांध के पास बाइक सवार दो लोगों ने उन्हें रोक लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि बाइक पर सवार मृतका के रिश्तेदारों ने केस वापस लेने का दबाव बनाया और धमकी दी कि यदि मामला आगे बढ़ाया गया तो उनकी भी हत्या कर दी जाएगी। पीड़ित पिता का कहना है कि बेटी को तो उन्होंने खो दिया, अब पूरे परिवार की सुरक्षा खतरे में है। उन्होंने एसपी से आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी, निष्पक्ष जांच और परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।


इंसाफ की आस में भटक रहा परिवार

अपनी बेटी की मौत और मासूम नातिन के भविष्य की चिंता से टूट चुका परिवार अब केवल न्याय की उम्मीद लगाए बैठा है। पीड़ित पिता का कहना है कि यदि सभी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई और उन्हें सुरक्षा नहीं मिली, तो उनके परिवार के साथ कोई भी अप्रिय घटना हो सकती है।


वहीं, एसपी कार्यालय की ओर से पीड़ित परिवार को मामले की निष्पक्ष जांच, फरार आरोपियों की गिरफ्तारी और कानून के अनुसार कार्रवाई का आश्वासन दिया गया है। फिलहाल यह मामला जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है और लोग पीड़ित परिवार को जल्द न्याय मिलने की उम्मीद जता रहे हैं।