Arwal road accident : अरवल जिले के मेहंदिया थाना क्षेत्र अंतर्गत नई बाजार के समीप राष्ट्रीय राजमार्ग-139 पर शुक्रवार सुबह एक भीषण सड़क दुर्घटना में एक युवक की मौत हो गई। मृतक की पहचान नई बाजार गांव निवासी कामेश्वर साव के 35 वर्षीय पुत्र सुनील कुमार के रूप में की गई। सुनील कुमार प्रतिदिन की तरह सुबह अपने घर से मेहंदिया बाजार स्थित मिठाई की दुकान खोलने के लिए जा रहे थे, तभी तेज रफ्तार ट्रक ने उन्हें कुचल दिया। हादसे में उनकी मौके पर ही मौत हो गई।


दुर्घटना की खबर मिलते ही पूरे इलाके में कोहराम मच गया। ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखा गया और उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्ग-139 (औरंगाबाद–पटना मुख्य मार्ग) पर शव रखकर सड़क जाम कर दी। ग्रामीण मृतक के परिजनों को उचित मुआवजा देने, दोषी चालक के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने और सड़क सुरक्षा के ठोस उपाय करने की मांग कर रहे थे। जाम के कारण दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।


सूचना मिलते ही मेहंदिया थाना अध्यक्ष चंदन कुमार झा पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत किया और आश्वासन दिया कि दोषी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी और मृतक के परिजनों को मुआवजे की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद पुलिस के प्रयास से जाम हटाया गया और यातायात को सुचारू रूप से बहाल किया गया।


पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए घटना के बाद फरार ट्रक का पीछा किया और उसे दाऊदनगर से जब्त कर लिया। जब्त वाहन को मेहंदिया थाना परिसर लाया गया है। हालांकि, ट्रक चालक अभी भी भागने में सफल रहा है। पुलिस ने बताया कि मामले में विधिसम्मत कार्रवाई जारी है।


सुनील कुमार अपने परिवार के एकमात्र कमाऊ सदस्य थे। उनके अचानक निधन से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। मृतक के पीछे तीन बेटियां और एक बेटा हैं। घर में अचानक हुई इस दुर्घटना से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में शोक का माहौल व्याप्त है और ग्रामीणों ने कहा कि उनकी आकस्मिक मृत्यु ने पूरे समुदाय को सदमे में डाल दिया है।


ग्रामीणों का कहना है कि राष्ट्रीय राजमार्ग-139 पर मेहंदिया थाना क्षेत्र में सड़क दुर्घटनाओं की संख्या लगातार बढ़ रही है। तेज रफ्तार भारी वाहनों की आवाजाही, सड़क की संकीर्णता और सुरक्षा इंतजामों की कमी के कारण आए दिन हादसे हो रहे हैं। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि एनएच-139 को शीघ्र फोरलेन किया जाए, पर्याप्त संकेतक और ट्रैफिक नियंत्रण के उपाय किए जाएं, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।


स्थानीय लोगों का यह भी कहना है कि अगर समय पर सड़क सुरक्षा के ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो एनएच-139 पर ऐसे हादसे लगातार होते रहेंगे। मृतक के परिवार को उचित मुआवजा दिए जाने और दोषी ट्रक चालक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की भी ग्रामीणों ने जोरदार मांग की।


यह घटना एक बार फिर यह उजागर करती है कि बिहार में राष्ट्रीय राजमार्गों पर सड़क सुरक्षा की दिशा में सुधार की सख्त जरूरत है। सुनील कुमार की मौत ने न केवल उनके परिवार को अपूरणीय क्षति पहुँचाई है, बल्कि पूरे क्षेत्र को सड़क सुरक्षा के महत्व के प्रति सचेत किया है।