Bihar Youth Pakistan Connection: बिहार के अररिया जिले के एक प्रवासी मजदूर को जम्मू-कश्मीर के सांबा सेक्टर में भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास संदिग्ध गतिविधि के आधार पर सुरक्षा एजेंसियों ने हिरासत में लिया. युवक की पहचान कुर्साकांटा थाना क्षेत्र की सौरगांव पंचायत के नवटोली वार्ड संख्या 7 निवासी ताराचंद सदा के रूप में हुई है. सुरक्षा एजेंसियों की प्रारंभिक जांच में उसके मोबाइल फोन में एक दर्जन से अधिक पाकिस्तानी नंबर और VPN के इस्तेमाल के साक्ष्य मिलने की बात सामने आई है.


मिली जानकारी के अनुसार, ताराचंद सदा वर्तमान में जम्मू के अरनिया इलाके में किराए के कमरे में रह रहा है. वह सांबा जिले में भारत-पाकिस्तान सीमा के नजदीक पहुंच गया था. इसी दौरान वहां तैनात सुरक्षाबलों को उसकी गतिविधियां संदिग्ध लगीं और उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की गई.


तकनीकी जांच के दौरान उसके मोबाइल फोन में कई पाकिस्तानी नंबर सेव होने और VPN नेटवर्क के इस्तेमाल की जानकारी सामने आने की बात कही जा रही है. इसके बाद सुरक्षा एजेंसियों ने उससे गहन पूछताछ की. पूछताछ पूरी होने के बाद ताराचंद को छोड़ दिया गया, जबकि उसका मोबाइल फोन तकनीकी और फॉरेंसिक जांच के लिए जब्त कर लिया गया.


गांव पहुंची स्पेशल ब्रांच और IB की टीम

मामले की जानकारी मिलने के बाद बिहार पुलिस की स्पेशल ब्रांच और इंटेलिजेंस ब्यूरो की टीम भी सक्रिय हुई. गुरुवार को स्पेशल ब्रांच के डीएसपी पीके प्रवीण और आईबी अधिकारी सुदर्शन ताराचंद के पैतृक गांव नवटोली पहुंचे.


अधिकारियों ने ताराचंद की मां और अन्य परिजनों से उसके बारे में जानकारी ली. पूछताछ के दौरान उसकी पारिवारिक पृष्ठभूमि, बाहर जाने और जम्मू-कश्मीर में रहने से जुड़ी जानकारी जुटाई गई.


ताराचंद की मां ने अधिकारियों को बताया कि उनका बेटा हर साल मजदूरी के लिए दूसरे राज्यों में जाता है. इस बार वह पहली बार अपनी पत्नी कांति देवी और दोनों बच्चों को साथ लेकर जम्मू गया था. वहां वह धान की कटाई का काम करने के लिए गया था.


मां के अनुसार, मंगलवार को उनकी बहू कांति देवी ने फोन कर बताया था कि सुरक्षाकर्मी ताराचंद को पूछताछ के लिए अपने साथ ले गए हैं. इसके बाद बुधवार को दोबारा जानकारी मिली कि पूछताछ के बाद उसे छोड़ दिया गया है.


मोबाइल की जांच से जुड़े सवालों पर एजेंसियों की नजर

सुरक्षा एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि ताराचंद के मोबाइल फोन में पाकिस्तानी नंबर कैसे आए और VPN का इस्तेमाल किस उद्देश्य से किया जा रहा था. मोबाइल फोन को तकनीकी जांच के लिए जब्त किए जाने के बाद उसके संपर्कों और डिजिटल गतिविधियों की भी जांच की जा रही है.


फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले की जांच कर रही हैं. ताराचंद के पाकिस्तानी नंबरों से संपर्क और VPN के इस्तेमाल से जुड़ी वास्तविक जानकारी तकनीकी जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी.